3 महीने से तंजानिया की साउथ अफ्रीकन कंपनी की कैद में फंसा हिमाचल के जिला काँगड़ा का ब्रह्म दास

--Advertisement--

Image

पालमपुर, 14 सितम्बर – बर्फू

मैं ब्रह्मदास बैजनाथ कांगड़ा का रहने वाला हूं। मैं राज प्रोशेष कंपनी पुणे महाराष्ट्र मुंबई इंडिया की कंपनी में ऑपरेटर हूं। राज प्रोशेष ने मुझे 2 सितंबर 2021 में ईस्ट अफ्रीकन कंपनी तंजानिया भेजा था, क्योंकि इन दोनों कंपनियों का आपस में कॉन्ट्रैक्ट था। क्योंकि मेरी पत्नी बहुत बीमार थी इसलिए मैंने फरवरी 2022 में राज प्रोशेष को रिजाइन की रिक्वेस्ट दी थी।

उन्होंने उस समय मेरा इस्तीफा मंजूर नहीं किया और अब 8 जून 2022 को मुझे अचानक रिलीव कर दिया और मेरी सैलरी भी बंद कर दी। राज प्रोसेस के 8 में से 7 आदमी फ़ोर्सफूली गेट से बाहर निकल कर किसी तरह यहां से चले गए है। अब में केवल अकेला ही हूं, मेरा पासपोर्ट और रिटर्न टिकट मुझे नहीं दिया जा रहा है।
पासपोर्ट यहां तंजानिया की कंपनी के पास है, मैं पिछले तीन महीने में कई बार इनसे कर चुका हूं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं कर रहा है। मेरा यह मैटर (Matter) HP Govt. to center Govt of India to High Commission of दार सेम सलाम तंजानिया होते हुए ईस्ट अफ्रीकन कंपनी प्लांट जहां मैं इस समय हूं पहुंच चुका है, लेकिन फिर भी मेरा पासपोर्ट नहीं दिया जा रहा है।
मेरी वाइफ का स्वास्थ्य दिन प्रतिदिन बिगड़ रहा है, मेरा परिवार परेशान है, मैं घर जाना चाहता हूँ, मुझे यहां डर भी लग रहा है। यहां के लोग मुझे फंसा न दे, इसलिए मेरी माननीय मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से प्रार्थना है कि कृपया कर मुझे यहां से निकालें। मैं बहुत परेशान हूं, मेहरबानी कर मुझे यहां से निकालें।
मेरे साथ यह सब जो हो रहा है, उसके लिए राज प्रोशेष कंपनी और ईस्ट अफ्रीकन स्टार्च कम्पनी दोनों गुनहगार हैं। राज प्रोसेस कम्पनी ने मुझे मासिक वेतन 62000 के आसपास तय किया था, जिसमें से 47000 प्रतिमाह दिया गया और ईस्ट अफ्रीकन कम्पनी मेरा पासपोर्ट नहीं दे रही है।
दोनों कंपनियों के आपसी विवाद के चलते मुझे प्रताड़ित किया जा रहा है। मेरे द्वारा दी गई एक-एक जानकारी पूरे दस्तावेजों के साथ प्रमाणित है। कृपया मेरी मदद की करें।
--Advertisement--
--Advertisement--

Share post:

Subscribe

--Advertisement--

Popular

More like this
Related

कांगड़ा में भूकंप के झटकों से सहमे लोग, सुबह-सुबह कांपी धरती

हिमखबर डेस्क हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले में आज यानी...

रन-वे से पहले एयरपोर्ट प्रभावित परिवारों को घर, एयरपोर्ट का 3010 मीटर बनेगा रन-वे

कांगड़ा हवाई अड्डा विस्थापितों के पुनर्वास को प्राथमिकता। हिमखबर डेस्क  हिमाचल...