
शिमला – नितिश पठानियां
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में बुधवार को कैबिनेट की बैठक शिमला में होगी। इस बैठक से बहुत से वर्गों को उम्मीदें हैं, क्योंकि इसके बाद कितनी बैठकें और हो पाएंगी, इसको लेकर कुछ भी तय नहीं है। हालांकि चुनाव आचार संहिता यदि 10 अक्तूबर के बाद लगी, तो अभी दो और बैठकें हो सकती हैं।
28 सितंबर को मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में होने वाली कैबिनेट की बैठक में पांच बड़े मसलों पर फैसला हो जाएगा।
इसमें कृषि विश्वविद्यालय और इंजीनियरिंग कालेजों के स्टाफ को नया वेतन आयोग के अलावा जिला न्यायालय में नियुक्त कर्मचारियों को संशोधित वेतनमान पर फैसला हो जाएगा। जिला न्यायालय कर्मचारियों की फाइल गृह विभाग से वित्त विभाग में दो रोज पहले आ गई थी और इस पर काम चल रहा है।
आउटसोर्स पॉलिसी को लेकर फैसला भी इसी कैबिनेट में अपेक्षित है। कैबिनेट सब-कमेटी के अध्यक्ष जलशक्ति मंत्री महेंद्र सिंह मंगलवार को अंतिम बैठक कैबिनेट सब-कमेटी की कर रहे हैं, ताकि सिफारिशों को फाइनल किया जा सके।
फोरलेन के चार गुना मुआवजे को लेकर निर्णय और लेफ्टआउट ग्राम पंचायत वेटरिनरी असिस्टेंट को लेकर फैसला संभव है। अनुबंध कर्मचारियों को दो साल की रेगुलर सेवा के बाद हायर ग्रेड-पे देने के मामले में भी कार्मिक विभाग मंत्रिमंडल से अनुमति लेगा।
पे-रिवीजन के रिव्यू को लेकर वित्त विभाग में माथापच्ची चल रही है और यह मामला भी कैबिनेट की चर्चा में आ सकता है। इससे पहले कल आउटसोर्स कैबिनेट सब-कमेटी दोबारा से बैठक कर अपनी सिफारिशें फाइनल कर सकती है।
फोरलेन को लेकर भी इस सब-कमेटी की सिफारिशें बड़ी महत्त्वपूर्ण हैं, क्योंकि इससे पहले हुई बैठक में सामने आई बातें प्रभावितों को डरा रही हैं।
