शिमला में निजी बसों की हड़ताल से चरमराई परिवहन व्यवस्था, यात्री परेशान

--Advertisement--

Image

शिमला, 16 अगस्त – जसपाल ठाकुर

हिमाचल पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) बसों में महिलाओं को किराए में 50 फीसदी की छूट और न्यूनतम किराया घटाने के प्रदेश सरकार के निर्णय के खिलाफ राजधानी शिमला में निजी बस चालक-परिचालक मंगलवार को हड़ताल पर चले गए हैं।

शहर में 100 से अधिक निजी बसों के पहिये थम जाने से राजधानी में यातायात व्यवस्था चरमरा गई है। इससे परिवहन का सारा जिम्मा एचआरटीसी की बसों पर आ गया है। हालांकि एचआरटीसी प्रबन्धन ने हड़ताल से निपटने के लिये अतिरिक्त बसें चलाई हैं, लेकिन वो नाकाफी साबित हो रही हैं।

शिमला-पंथाघाटी मैहली, संजौली, छोटा शिमला, समरहिल, टुटू, बालूगंज, ढांडा, घणाहट्टी, शोघी, तारादेवी इत्यादि रूटों पर बस सेवा बुरी तरह प्रभावित हुई है तथा यात्रियों को घण्टों तक सरकारी बसों का इंतज़ार करना पड़ा। निजी बसों की हड़ताल से स्कूल जाने वाले बच्चों, कर्मचारियों और अस्पतालों व बाजार आने वाले लोगों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

निजी बस चालक-परिचालक यूनियन के प्रधान रूपलाल ठाकुर ने बताया कि जब से सरकारी बसों में महिलाओं को 50 फीसदी किराया देने की अधिसूचना जारी हुई है, तब से प्राइवेट बस संचालकों को नुकसान हो रहा है। इससे चालक और परिचालक की नौकरी पर खतरा आ गया है।

इसी कारण आज शहर में निजी बसों के न चलाने का निर्णय लिया गया है।  उनका आरोप है कि निजी बस चालकों-परिचालकों के लिए किसी तरह की भी स्थाई नीति सरकार की ओर से नहीं बनाई गई है। उन्होंने सरकारी नौकरी में 50 फीसदी कोटा देने की मांग भी की है।

--Advertisement--
--Advertisement--

Share post:

Subscribe

--Advertisement--

Popular

More like this
Related

कांगड़ा में दौड़ रही ग्रीन क्रांति, 45 इलेक्ट्रिक बसों से बदला सफर का अंदाज

कांगड़ा में दौड़ रही ग्रीन क्रांति, 45 इलेक्ट्रिक बसों...

आईएचएम हमीरपुर के प्रियांशु शर्मा ने चमकाया नाम, एफएचआरएआई उत्कृष्टता पुरस्कार से सम्मानित

आईएचएम हमीरपुर के विद्यार्थी प्रियांशु शर्मा को संस्थान में...

रेडियोग्राफर भर्ती परीक्षा का परिणाम घोषित, 105 अभ्यर्थी दस्तावेज सत्यापन के लिए चयनित

HPRCA ने रेडियोग्राफर भर्ती परीक्षा 2026 का परिणाम घोषित...