
हिमाचल प्रदेश के जिला कुल्लू में ऐतिहासिक गांव मलाणा में भयंकर अग्निकांड हुआ है। रात को गांव में आग लगने से 16 मकान जल गए हैं। अब तक किसी के हताहत होने की कोई जानकारी नहीं है।
कुल्लू- मनदीप सिंह
हिमाचल प्रदेश के जिला कुल्लू में ऐतिहासिक गांव मलाणा में भयंकर अग्निकांड हुआ है। रात को गांव में आग लगने से 16 मकान जल गए हैं। अब तक किसी के हताहत होने की कोई जानकारी नहीं है। प्रशासन आधी रात को ही मौके पर पहुंच गया था।
एसडीएम कुल्लू विकास शुक्ला ने बताया प्रशासन की ओर से राहत एवं बचाव कार्य किया जा रहा है। इस अग्निकांड में 16 मकान जल गए हैं। एसडीएम मौके पर डटे हैं, जबकि उपायुक्त कुल्लू आशुतोष गर्ग भी सुबह घटनास्थल के लिए रवाना हो गए। मलाणा पंचायत के प्रधान भागी राम ने बताया चालीस मकान जल गए हैं। सुबह तक आग भड़की रही।
प्रशासन के अधिकारी रात से ही मौके पर मौजूद हैं। अभी तक आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है। बताया जा रहा है अग्निकांड में करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ है। मलाणा गांव को सबसे प्राचीन लोकतंत्र के रूप में जाना जाता है।
सबसे प्राचीन लोकतंत्र माने जाने वाले कुल्लू जिला के मलाणा गांव में मंगलवार देर रात को यह भीषण अग्निकांड हुआ है। अग्निकांड की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन एसडीएम विकास शुक्ला के नेतृत्व में मौके पर पहुंच गया। दमकल विभाग और पुलिस टीम ने पानी की पाइप व स्पैम की मदद से ग्रामीणों के साथ आग बुझाने में जुट गए। लेकिन आग बेहद विकराल रूप धारण कर चुकी थी। बताया जा रहा है देर रात को जब टीम मौके पर पहुंची तो कई मकान भीषण आग की चपेट में थे। लोग अपने स्तर पर ही आपको बुझाने में जुटे हुए थे।
मलाणा गांव में भयंकर अग्निकांड के दौरान जलकर गिर चुके मकान में सुलगती आग।गांव सड़क मार्ग से दो से तीन किलोमीटर दूर होने के कारण यहां पर दमकल विभाग की गाड़ियां पहुंचना नामुमकिन था, इस कारण विभाग की टीम व पुलिस साथ लगते नाले से पाइप डाल और मोटर की मदद से पानी पहुंचाकर आग बुझाने की कोशिश की।
गांव में लकड़ी के प्राचीन काष्ठकुणी शैली के मकान होने के कारण आग तेजी से फैली। लोगों को जब आग का पता चला तो गांव में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। लोग तुरंत अपना जरूरी सामान, पैसे व गहने आदि लेकर घरों से बाहर निकल आए और आग को बुझाने में जुट गए। आग सुबह तक लगी रही।
