
वेक्सीनेशन का निजीकरण प्रदेश की जनता से खिलवाड़ – चौधरी चन्द्र कुमार।—चेताया अगर वैक्सीनेशन का निजीकरण किया तो कांग्रेस चुप नहीं बैठेगी—
ज्वाली, माधवी पंडित
प्रदेश की भाजपा सरकार अब वेक्सीनेशन कार्य निजी हाथों में देने की तैयारी कर रही है जिससे अब वैक्सीन लगवाने के गरीब जनता को पैसे चुकाने होंगे। गरीब लोगों को कोरोनाकाल में खाने के लाले पड़े हुए हैं तो वो वैक्सीन लगवाने के पैसे कहां से चुकाएंगे। यह बात प्रदेश कांग्रेस पार्टी के उपाध्यक्ष चौधरी चन्द्र कुमार ने प्रेसवार्ता में कही।
उन्होंने कहा कि वेक्सीनेशन का कार्य सरकार के हाथों में रहना चाहिए तथा सरकारी अस्पतालों में ही वैक्सीन लगाए का कार्य हो। उन्होंने कहा कि सरकार के पास वैक्सीन की कमी चल रही है तथा जनता को ठगने के लिए पहली डोज के उपरांत वैक्सीन की दूसरी डोज लगाने का अंतराल बढ़ाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अगर सरकार को पैसे की कमी है तो सरकार गरीबी रेखा से नीचे रहने वालों को मुफ्त वैक्सीन लगाए जबकि सरकारी कर्मियों, पेंशनधारकों, इनकम टैक्स भरने वालों से सरकारी रेट वसूल किया जा सकता है लेकिन वैक्सीनेशन कार्य का निजीकरण करना सही नहीं होगा।
उन्होंने कहा कि इससे पहले भी चेचक, हैजा, प्लेग, पोलियो जैसी कई महामारी आईं लेकिन सरकार ने कभी भी इंजेक्शन लगाने के कार्य को निजी हाथों में नहीं दिया बल्कि यह कार्य अपने ही हाथों में रखा लेकिन अब भाजपा सरकार के पहली ही महामारी में हाथ खड़े हो गए हैं। उन्होंने कहा कि अब तो सरकार ने लोगों को उनके हाल पर ही छोड़ दिया है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश की भाजपा सरकार हर मोर्चा पर विफल रही है। कोरोनाकाल में जितने लोग संक्रमण से नहीं मरे जितने भुखमरी से मर गए हैं। उन्होंने कहा कि अगर भाजपा सरकार ने अगर वैक्सीनेशन का निजीकरण किया तो कांग्रेस चुप नहीं बैठेगी।
इस मौके पर ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष चैन सिंह, महासचिव सुरिंदर छिंदा, सचिव शिवदेव सिंह, नगर पंचायत चेयरमैन राजिंदर कुमार, वाइस चेयरमैन अजय विवेक पठानिया, सौरभ चौधरी, विनय चौधरी इत्यादि मौजूद रहे।
