हिमखबर डेस्क
मंडी जिला के बल्ह उपमंडल के तहत आने वाली ग्राम पंचायत सिध्याणी के पूर्व प्रधान गिरधारी लाल ने शिमला स्थित सीबीआई के एक अधिकारी पर जबरन बयान बदलने और झूठी गवाही देने के लिए दबाव बनाने का आरोप लगाया है। गिरधारी लाल का आरोप है कि उक्त अधिकारी उसका गला तक घोंटने का प्रयास कर चुका है। इस बारे में गिरधारी लाल ने एसपी शिमला को लिखित में शिकायत सौंपकर अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाई है।
मंडी में मीडिया से बातचीत में गिरधारी लाल ने बताया कि वह पुलिस द्वारा पकड़े गए चिट्टा तस्करों के मामले में मौके का गवाह है। तस्करों के परिजनों की शिकायत पर अब सीबीआई इस मामले की जांच कर रही है और कुछ पुलिस अधिकारियों पर भी आरोप लगाए गए हैं।
गिरधारी लाल ने बताया कि उक्त सीबीआई अधिकारी 18 सितंबर को उसके घर आया और पूछताछ के बाद शिमला आने को कहा। 22 सितंबर को वह शिमला स्थित सीबीआई कार्यालय में गया। इसके बाद 30 सितंबर को उसे फिर से कार्यालय बुलाया गया।
गिरधारी के अनुसार हर बार उसे अपना बयान बदलने को टॉचर्र किया गया और अधिकारी ने उसका गला तक पकड़कर दबाने का प्रयास किया। अधिकारी चाहता है कि गिरधारी यह बयान दे कि उसे पुलिस वाले मौके का गवाह बनाने के लिए घर से उठाकर लेकर गए थे, जबकि गिरधारी का कहना है कि वह और कृष्ण चंद उस वक्त मौके पर ही थे जब रिवालसर पुलिस की टीम ने चिट्टा तस्करों को पकड़ा था।
गिरधारी लाल का कहना है कि अगर सीबीआई इसी तरह से गवाहों को टॉचर्र करती रही तो फिर भविष्य में कोई भी व्यक्ति पुलिस की कार्रवाई के दौरान गवाही देने से कतराएगा। उन्होंने एसपी शिमला से न्याय की गुहार लगाई है और कहा है कि अगर न्याय नहीं मिलता है तो वह आमरण अनशन पर बैठने के लिए मजबूर हो जाएंगे।
क्या है चिट्टा तस्करी का मामला
मार्च 2024 को रिवालसर पुलिस चौकी की टीम ने सिध्याणी गांव के पास तीन चिट्टा तस्करों को 287 ग्राम चिट्टे के साथ गिरफ्तार किया था। बाद में चिट्टा तस्करों के परिजनों ने पुलिस पर मिलीभगत के आरोप लगाते हुए हाईकोर्ट से सीबीआई जांच की मांग कर दी। अब मामले की जांच सीबीआई द्वारा की जा रही है। इस मामले में गिरधारी लाल मौके का गवाह है और उसका आरोप है कि सीबीआई वाले उसे बयान बदलने के लिए टॉचर्र कर रहे हैं।
एसपी शिमला संजीव गांधी के बोल
एसपी शिमला संजीव गांधी ने गिरधारी लाल की शिकायत की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि गिरधारी लाल की शिकायत पर पुलिस मामले की जांच कर रही है। नियमों के तहत सीसीटीवी की निगरानी में पूछताछ की जाती है। इस बात की जांच की जाएगी कि क्या सीबीआई के अधिकारियों ने सीसीटीवी की निगरानी में पूछताछ की है या नहीं। क्योंकि उससे ही सारी स्थिति स्पष्ट हो जाएगी। अभी इस संदर्भ में कोई मामला दर्ज नहीं हुआ है लेकिन शिकायत पर कार्रवाई शुरू कर दी गई है।

