पांवटा साहिब, 11 जुलाई – नरेश कुमार राधे
आखिरकार, चौथे दिन गिरि नदी के टापू पर फंसे 5 मजदूरों को एयरलिफ्ट कर लिया गया है। भारतीय सेना के अभिन्न अंग फर्स्ट पैरा के जांबाजों ने मंगलवार शाम करीब 4 बजे टापू पर हेलीकॉप्टर को उतार कर पांचों को एयरलिफ्ट किया।
फर्स्ट पैरा ने मजदूरों को रेस्क्यू करने के बाद हेलीकॉप्टर ने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला तारूवाला के मैदान में लैंडिंग की। रेस्क्यू ऑपरेशन से जुड़े वीडियो से साफ जाहिर हो रहा है कि ऐसे ऑपरेशन रिस्की होते हैं।
बावजूद इसके सरहद पर देश की रक्षा करने वाले देशवासियों के अनमोल जीवन को बचाने में भी कारगर भूमिका निभाते हैं। एरियल व्यू में ये भी नजर आया कि टापू पर भी नदी का पानी दाखिल हो चुका था। ऐसे में एयर लिफ्टिंग में देरी नहीं की जा सकती थी।
जानकारों के मुताबिक सेना ने पहले मौके की परिस्थितियों के लिए रेकी की। दूसरे प्रयास में हेलीकॉप्टर से मजदूरों को रेस्क्यू कर लिया गया। बता दें कि एक मजदूर के बीमार पड़ने पर प्रशासन द्वारा मंगलवार सुबह ड्रोन की मदद से दवाएं भेजी गई थी।

प्रशासनिक व पुलिस का अमला मौके पर ही डटा हुआ था। हालांकि, एनडीआरएफ ने भी रेस्क्यू करने का प्रयास किया था, लेकिन तेज जलधाराओं की वजह से ये संभव नहीं हो रहा था। रेस्क्यू किए गए मजदूरों में 3 उत्तर प्रदेश, एक उत्तराखंड व एक हिमाचल का रहने वाला है।
उपायुक्त सुमित खिमटा ने कहा कि पांच मजदूरों को एयरलिफ्ट कर लिया गया है। उन्होंने कहा कि सेना की तरफ से की गई कोशिश रंग लाई है। उपायुक्त ने यह भी बताया कि आज सुबह टापू में फँसे पांच लोगों में से एक व्यक्ति के बीमार होने की सूचना मिलने पर ड्रोन के माध्यम से मेडिसिन भी भिजवाई गई।
उन्होंने कहा कि नाहन में फर्स्ट पैरा के कमांडेंट कर्नल रावत, और चण्डी मन्दिर स्थित वैस्टर्न कमाण्ड में आपरेशन ब्रिगेडियर विक्रांत देशपाण्डे और कर्नल जसदीप संधू से दूरभाष पर चर्चा की तथा आर्मी को रेस्क्यू करने के लिए हैलिकाप्टर उपलब्ध करवाने का आग्रह किया जिस पर त्वरित कार्यवाही करते हुये आर्मी और जिला प्रशासन के सयुंक्त रेस्क्यू आपरेशन से पांच व्यक्तियों का सफलतापूर्वक एवर रेस्क्यू पूर्ण किया गया।

रेस्क्यू किये पांच लोगों में लुकमान पुत्र यामिन निवासी सहारनपुर , साजिद पुत्र हामिद निवासी सहारनपुर, मेहरबान पुत्र याकूब निवासी विकासनगर, समीर पुत्र प्रमोद कुमार निवासी सहारनपुर तथा जोगिन्द्र पाल शर्मा निवासी किलौड़ तहसील पांवटा शामिल हैं। उपायुक्त ने इस रेस्क्यू ऑपरेशन को सफल बनाने के लिए फर्स्ट पैरा नाहन तथा वेस्टर्न कमांड के अधिकारियों के साथ जिला एवं पुलिस प्रशासन तथा एनडीआरफ की टीम का आभार जताया है।
उल्लेखनीय है कि एनडीआरएफ की 14वीं बटालियन से भी मदद मांगी गई थी, लेकिन नदी का बहाव तेज होने के कारण व बडे़-बड़े पत्थरों के बहाव की वजह से रेस्क्यू सफल नहीं हो पाया। उत्तराखंड के ऋषिकेश से आई राफ्टिंग टीम भी सफल नहीं हुई।
उधर, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल, विधायक सुखराम चौधरी, बीडीसी चेयरमैन हितेंद्र, पूर्व विधायक बलदेव तोमर इत्यादि ने अस्पताल में दाखिल मजदूरों से उनका कुशलक्षेम पूछा। भाजपा नेता मौके पर ही डटे हुए थे।
टापू पर फंसे मजदूरों को निकालता हेलीकॉप्टर।

