
शिमला – नितिश पठानियां
JOA.IT के पेपर लीक करने के आरोप में विजिलेंस की टीम ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी युवक हमीरपुर जिला के रहने वाले बताए जा रहे हैं।
बताया जा रहा है कि आरोपी चार लाख रुपए में जेओआईटी का पेपर बेच रहे थे। इस दौरान विजिलेंस की टीम गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए आरोपियों को पेपर जेओआईटी बेचते हुए पकड़ा है।
विजिलेंस की पूछताछ में एक आरोपी ने यह भी खुलासा किया है कि उसने भी पिछले वर्ष पेपर खरीदकर परीक्षा पास की है। इतना ही नही इनमें से एक आरोपी की मां कर्मचारी चयन आयोग की कर्मचारी बताई जा रही है।
बताया जा रहा है कि आरोपी युवक की मां कर्मचारी चयन आयोग की सिक्रेसी ब्रांच में तैनात हैं। ऐसे में विजिलेंस की कार्रवाई में कई अहम खुलासे हो सकते हैं।
जेओआईटी की परीक्षा रविवार को आयोजित की जानी थी। उक्त परीक्षा के लिए करीब डेढ़ लाख अभ्यार्थियों ने आवेदन किए हैं। विजिलेंस की टीम पेपर का क्रॉस चेक कर रही है।
उधर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विजिलेंस रेणू शर्मा ने कहा कि विजिलेंस की कार्रवाई जारी है। जांच पूरी होने के बाद रिपोर्ट सार्वजनिक होगी। जिस महिला को पकड़ा है, वह आयोग में बड़े पद पर तैनात है। महिला कर्मचारी पिछले काफी समय से चर्चा में थी।
बताया जा रहा है कि रविवार 25 दिसंबर को पोस्ट कोड 965 जूनियर ऑफिस अस्सिटेंट इन्फॉरमेशन टेक्नोलॉजी (जेओए आईटी) के पदों के लिए लिखित परीक्षा का आयोजन किया जाना है। इससे पहले विजिलेंस ने महिला कर्मचारी को पेपर लीक करते हुए चार लाख की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है।
1,03,344 अभ्यर्थियों ने किया था आवेदन
कर्मचारी चयन आयोग ने मई 2022 में जूनियर ऑफिस असिस्टेंट आईटी के 198 पदों के लिए आवदेन मांगे थे। अक्तूबर 2022 में 121 पद और जोड़े गए। अब यह भर्ती कुल 319 पद भरने के लिए आयोजित की जा रही थी। 1,03,344 अभ्यर्थियों ने इन पदों के लिए आवेदन किया था।
