
हिमखबर – डेस्क
हिमाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव 2022 में जहां जयराम सरकार के आठ मंत्री चुनाव हार गए. वहीं, कांग्रेस के कुछ दिग्गज नेताओं को भी मुंह की खानी पड़ी. मंडी के द्रंग से 8 बार के विधायक रहे कौल सिंह ठाकुर को दूसरी बार हार का सामना करना पड़ा.
कौल सिंह की हारने पर द्रंग की जनता को हालांकि पछतावा जरूर महसूस हो रहा है. क्योंकि उनकी ताजा सोशल मीडिया पोस्ट इसी और इशारा कर रही है.
सोमवार सुबह कौल सिंह ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर एक पोस्ट शेयर की और लिख, ‘’संसार में पाने से पहले और खोने के बाद हर चीज कीमती लगने लगती है”. जय सियाराम.
कहीं ना कहीं ये पोस्ट इशारा करती है कि द्रंग की जनता ने कांग्रेस सरकार में भाजपा विधायक को जीताकर गलती की है. क्योंकि कौल सिंह जहां सीएम पद की रेस में थे, वहीं, यदि वह सीएम ना भी बनते तो..कम से कम उन्हें कैबिनेट मंत्री जरूर बनाया जाता. क्योंकि वह कांग्रेस के सीनियर नेता थे.
कौल सिंह की पोस्ट पर लोगों का दर्द भी छलका और एक यूजर ने कहा कि कौन कहता है सर आप हारे हो, आप तो हार कर भी जीते है. इसके अलावा, एक अन्य यूजर ने उनकी पोस्ट पर कमेंट किया कि भविष्य याद करेगा, कि हीरा खोया है. आप आदर्श थे है और रहेंगे.
इसी तरह एक और कमेंट में एक यूजर ने लिखा, वाह ठाकुर साहब, द्रंग ने अपना पहला सीए पद खो दिया है. बाकी जनता-जनार्दन का फैसला सर्वोपरि. जब असल मौका था, लोग समझ ही न पाए, उस मौके को आज कोई और बाजी मार गया.
तुलसी रमन नाम के .यूजर ने लिखा कि अब जीत-हार का गणित बदल गया है ठाकुर साहब. लोग अनुभव और योग्यता नहीं देख रहे. उन्हें अपने छोटे-छोटे स्वार्थ साधने हैं. नेताओं ने भी उनकी आदतें बिगाड़ दी हैं.
मंत्री भी अब अपने चुनाव क्षेत्र में ही प्रदेश का हिस्सा डाल देते हैं. बड़बोले नेता बेलगाम बातें करते हैं. डॉ.परमार का ज़माना भुला दिया गया है. राजनीति में कोई नैतिकता नहीं रही, जिसकी लाठी उसकी भैंस चल रही है.
कौल सिंह ने जताया आभार
चुनाव हार के बाद कौल सिंह ने कहा कि समस्त द्रंग वासियों का असीम प्यार और समर्थन देने के लिए दिल की गहराइयों से धन्यवाद. आपने हमेशा मुझे बहुत प्यार व समर्थन दिया है जिस कारण जीवन में मैंने बहुत कुछ हासिल किया है.मैं आखिरी दम तक आपकी सेवा में हाजिर रहूंगा.
इसके साथ ही प्रदेशवासियों को कांग्रेस सरकार बनने पर बहुत-बहुत मुबारकबाद. बता दें कि सोमवार को कौल सिंह शिमला पहुंचे हैं और पीटरहॉफ होटल में उन्होंने सीएम सुखविंदर सिंह सुक्खू के साथ मुलाकात की है.
कितने वोटों से हारे कौल सिह
कौल सिंह ठाकुर को भाजपा के पूर्ण चंद ने मात दी. उन्हें महज 618 वोटों से हार का सामना करना पड़ा. बीते 2017 चुनाव में पूर्ण चंद्र आजाद लड़े थे और उन्हीं की वजह से कौल सिंह को हार झेलनी पड़ी थी और भाजपा के जवाहर ठाकुर विधायक चुने गए थे.
