
बिलासपुर, सुभाष चंदेल
कोरोना कफ्र्यू में होम आईसोलेट मरीजों की सुविधा के मद्देनजर जिला प्रशासन की ओर से शुरू की गई एंबुलेंस टैक्सियों की कंट्रोल रूम से चौबीस घंटे में किसी भी समय लोकेशन चैक की जा सकेगी। इसके लिए इन सभी टैक्सियों को ग्लोबल पोजिशनिंग सिस्टम (जीपीएस) से लैस किया जा रहा है जिसके लिए एक संस्था ने फ्री ऑफ कॉस्ट जीपीएस सिस्टम स्थापित करने की हामी भरी है।
जरूरत पडऩे पर तत्काल एंबुलेंस टैक्सी को स्पॉट पर पहुंचना अनिवार्य किया गया है। प्रशासन के पास पांच एंबुलेंस व दो डेड वाहनों के अलावा निजी तौर पर हायर की गई 8 एंबुलेंस टैक्सियां उपलब्ध हैं। इन सभी को जल्द ही जीपीएसयुक्त कर दिया जाएगा।
बिलासपुर के उपायुक्त रोहित जम्वाल ने खबर की पुष्टि की है। उन्होंने मंगलवार को यहां बातचीत करते हुए बताया कि कोरोना काल में होम आइसोलेट मरीजों के लिए जिला प्रशासन तैनात की गई आठ एंबुलेंस टैक्सियों, करीब पांच एंबुलेंस सहित दो डैड वाहनों को जीपीएसयुक्त किया जाएगा। एंबुलेंस टैक्सियों सहित एक दर्जन से अधिक ऐसी गाडिय़ों में जीपीएस सिस्टम लगाया जाएगा। इसके लिए आदेश जारी कर दिए हैं और एक निजी संस्था को कार्य सौंपा गया है।
खास बात यह है कि उक्त संस्था ने इस कार्य को निशुल्क करने को लेकर हामी भरी है। उन्होंने बताया कि 108 एंबुलेंस में जीपीएस लोकेशन सिस्टम लगा हुआ है, जिससे उनका पता चलता रहता है कि वह किस समय कब और कहां उपलब्ध हैं और जरूरत पडऩे पर तत्काल स्पॉट पर भेजा जाता है। हालांकि कोरोना संकट में होम आईसोलेट मरीजों की सुविधा के लिए जिला बिलासपुर में आठ एंबुलेंस टैक्सियां लगाई गई हैं और दो-दो टैक्सियों को एक-एक उपमंडल पर तैनात गया है। वहीं, दो डैड वाहन व करीब पांच एंबुलेंस वाहन भी हैं। सभी वाहन मिलाकर करीब 14-15 एंबुलेंस वाहन हैं। इन स
