
शिमला-जसपाल ठाकुर
न्यू पेंशन स्कीम के तहत आने वाले कर्मचारियों ने दोपहर बाद विधानसभा की तरफ कूच कर दिया। विधानसभा से सटे चौड़ा मैदान में प्रदर्शनकारियों से निपटने के लिए पुलिस कर्मी मुस्तैद कर दिए गए हैं। दोपहर दो बजे के बाद कर्मचारियों ने बैरिकेड्स तोड़कर आगे का रुख कर दिया।
सरकार ने विधानसभा के बाहर प्रदर्शन पर रोक लगा रखी है। प्रदर्शनकारी सीसेल होटल के सामने अंबेडकर चौक में एकत्र हुए। इसके बाद कर्मचारी चौड़ा मैदान का रुख करने का प्रयास कर रहे हैं। पुलिस जवानों व कर्मचारियों के बीच धक्का मुक्की भी हुई।
एनपीएस के मुद्दे पर ही आज विपक्ष ने विधान सभा से वाकआउट किया। कांग्रेस के विधायकों ने सरकार से मांग की कि वह पुरानी पेंशन स्कीम बहाल करें। उन्होंने दावा जताया कि जैसे ही कांग्रेस सत्ता में आएगी पुरानी पेंशन बहाल कर दी जाएगी। हालांकि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कांग्रेस की नीयत पर सवाल उठाए।
उन्होंने कहा राजस्थान में बहाल करने की पुरानी पेंशन घोषणा पर भी अभी बड़ा प्रश्न चिह्न लगा हुआ है। डीजीपी संजय कुंडू भी सुरक्षा प्रबंधों का जायजा ले रहे हैं। डीजीपी ने पुलिस के अन्य अधिकारियों के साथ चौड़ा मैदान का मुआयना किया।
प्रदर्शन के दौरान एनपीएस कर्मचारियों ने मानवता की मिसाल पेश की। कर्मचारियों ने एंबुलेंस वाहन को रास्ता दिया। पूरा मार्ग एनपीएस कर्मचारियों ने रोक रखा था। इस बीच एंबुलेंस का सायरन बजने पर कर्मचारियों ने तुरंत मार्ग को खाली किया।
शिमला में राष्ट्रीय राजमार्ग को एनपीएस कर्मचारियों ने दो घंटे तक बाधित रहा। उपायुक्त आदित्य नेगी से वार्ता करने को तैयार नहीं कर्मचारी, गो बैक के नारे लगाए।
