
शाहपुर- नितिश पठानियां
शाहपुर में छह पंचायतों की जमीन को सींचने वाली कूहल 12 जुलाई की बाढ़ में तबाह हो गई थी, लेकिन इस कूहल को दुरुस्त करने के लिए जलशक्ति विभाग ने कोई भी कारगर कदम नहीं उठाया है। ऐसे में कई एकड़ जमीन बिना सिंचाई है जबकि वर्तमान में गेहूं बिजाई का सीजन चल रहा है। ऐसे में किसान परेशान हैं और विभाग से जल्द से जल्द कूहल दुरुस्त करने का आग्रह किया है।
कांग्रेस के ओबीसी सेल के जिला उपाध्यक्ष बलवीर चौधरी की अध्यक्षता में हुई बैठक में किसानों ने चर्चा की है कि अगर जल्द ही जलशक्ति विभाग नहीं जागा तो इसके लिए आंदोलन की रूपरेखा बना ली गई है और धरने प्रदर्शन शुरू किए जाएंगे जिसकी जिम्मेदारी जलशक्ति विभाग व उनके अधिकारियों की होगी।
लोगों की मांग है कि विधानसभा क्षेत्र शाहपुर के अंतर्गत बड़ी कूहल नामक पानी की सिंचाई की नहर जो गज खड्ड से निकाली गयी है व लगभग क्षेत्र की छह पंचायते घरोह, मैटी, बंडी, ओर्डर, नागनपट्ट इत्यादि के कृषि योग्य भूमि को सिंचाई होती है। लेकिन बरसात के समय 12 जुलाई 2021 को गज खड्ड में आई बाढ़ से ये कुहल पूरी तरह टूट चुकी है और अभी तक इसका मुरम्मत का कार्य शुरू नहीं हुआ है।
जिस कारण किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इन्होंने चेतावनी दी है कि अगर इस बड़ी कूहल का काम एक सप्ताह के अंदर शुरू नहीं होता है तो वो आइपीएच कार्यालय शाहपुर के कार्यालय को ताला लगा कर धरने पर बैठ जाएंगे।
