हिमखबर डेस्क
मंडी जनपद के सराज विधानसभा क्षेत्र की बस्सी पंचायत में खुले शराब के ठेके को लेकर विरोध लगातार तेज होता जा रहा है।
पंचायत की महिलाएं ठेका बंद करने की मांग को लेकर दिन-रात धरने पर बैठी हुई हैं, वहीं अब इस आंदोलन को युवक मंडल का भी समर्थन मिल गया है, जिससे विरोध और मजबूत हो गया है।
तीसरे दिन भी महिलाएं और स्थानीय लोग दो स्थानों पर धरने पर डटे रहे। जानकारी के अनुसार सरकार द्वारा बस्सी पंचायत में शराब की दुकान आवंटित किए जाने के बाद से ही महिला मंडल इसका विरोध कर रहा है।

महिलाओं का कहना है कि वे अपनी पंचायत में किसी भी हालत में शराब का ठेका नहीं खुलने देंगी। महिला मंडल ने इस संबंध में 25 दिसंबर 2025 को उपमंडलाधिकारी (नागरिक) गोहर को ज्ञापन भी सौंपा था, लेकिन इसके बावजूद सरकार द्वारा ठेका आवंटित कर दिया गया।
इसके बाद से महिलाओं ने लगातार विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया, जो अब आंदोलन का रूप ले चुका है। विरोध बढ़ता देख ठेकेदार ने दुकान को लगभग 10 किलोमीटर दूर फंगयार क्षेत्र में शिफ्ट करने का निर्णय लिया।
लेकिन महिला मंडल इस फैसले से भी संतुष्ट नहीं है। उनका कहना है कि वे अपनी पंचायत की सीमा में कहीं भी शराब की दुकान नहीं खुलने देंगी।
महिलाओं ने टिक्कर और फंगयार दोनों स्थानों पर पहुंचकर दिन-रात धरना दिया। इस दौरान युवक मंडल ने भी महिला मंडल का समर्थन करते हुए आंदोलन में सक्रिय भागीदारी निभाई। दोनों मंडलों के सदस्यों ने मिलकर दुकान पर ताला जड़ दिया और बाहर बैठकर शांतिपूर्ण विरोध जारी रखा।
महिलाओं का कहना है कि यह आंदोलन तब तक जारी रहेगा, जब तक सरकार इस ठेके को पूरी तरह से रद्द नहीं कर देती। स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन से इस मामले में जल्द हस्तक्षेप करने और जनभावनाओं का सम्मान करते हुए उचित निर्णय लेने की मांग की है।

