हिमखबर डेस्क
कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) को लेकर जारी विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। अब इस मामले में सुप्रीम कोर्ट में एक याचिका दायर की गई है, जिसमें सीजेपी से जुड़े व्यक्तियों के खिलाफ केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) से स्वतंत्र जांच कराने और उनके विरुद्ध एफआईआर दर्ज करने की मांग की गई है।
याचिका में फर्जी कानून डिग्रियों के इस्तेमाल, प्रतिरूपण और सर्वोच्च न्यायालय की संस्थागत पहचान के दुरुपयोग के गंभीर आरोप लगाए गए हैं। याचिकाकर्ता का आरोप है कि संबंधित लोगों ने खुद को वकील या कानूनी विशेषज्ञ बताकर जनता को गुमराह किया और न्यायिक प्रक्रिया की विश्वसनीयता को ठेस पहुंचाई।
याचिका में सीबीआई को निर्देश देने की अपील की गई है कि जाली डिग्रियों के कथित उपयोग और आपराधिक साजिश की गहन जांच की जाए। यह याचिका ऐसे समय में आई है जब सोशल मीडिया पर सीजेपी का विवाद चरम पर है।
मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की व्यवस्था पर हमला करने वालों वाली टिप्पणी के बाद मुद्दा सुर्खियों में आ गया। खुफिया ब्यूरो की रिपोर्ट के आधार पर केंद्र सरकार के निर्देश पर गुरुवार को सीजेपी के आधिकारिक एक्स हैंडल को भारत में प्रतिबंधित कर दिया गया।
खुफिया एजेंसियों ने सीजेपी पर भडक़ाऊ सामग्री फैलाने और देश की संप्रभुता को चुनौती देने का आरोप लगाया था।

