
भटियात- भूषण गुरुंग
जिला चम्बा के भटियात क्षेत्र के चिलामा पंचायत के भरमला गॉव से तलूक रखने वाले रिटायर्ड कैप्टन बी एस थापा(अर्जुन अवार्डी) अपने देश और अपने यूनिट 5/8 जी आर के लिए बॉक्सिंग में एशियाड, और कॉमन वेल्थ गेम मे गोल्ड मेडल प्राप्त कर के पुरे देश का नाम रोशन किया था। 1980 में उन्होने मास्को ओलंपिक में भी देश का प्रति निधित्व किया। 1983 में उनको विशिष्ट सेवा मेडल से नवाजा गया। इस के अलावा उन्होंने बॉक्सिंग में उन्होंने देश के लिए कई मेडल हासिल इस लिए भारत सरकार द्वारा 1979 उनको अर्जुन अवार्ड से नवाजा गया। था।
कुछ दिन पहले वो अपनी पत्नी वीना थापा शिलांग (मेघालय) में अपने सेंटर में आयोजित पुनर्मिलन भोज में भाग लेने गये हुए थे। कल वापसी पर जब वो शिलांग से गोहाटी रेलवे स्टेशन में शाम के करीब 7,30 बजे के करीब ह्रदय गति रुकने के कारण वही रेलवे सटेशन के वेटिंग रूम मे ही उनका निधन हो गया। उसके बाद उनके बाद उनके सेंटर के लोग गोहाटी आकर के उनके डेड बॉडी को अपने सेंटर मे ले गए ।और वहाँ से जब उनके घर भरमला गॉव में जब या पता चला तो उनके परिबार जन शिलॉग की और कुच कर गए।
आज उनको पूरे राष्ट्रीय सम्मान के साथ उनके सेंटर 58 गोरखा ट्रेनिंग सेंटर शिलांग में उनके डेड बॉडी को अंत्येष्टि की। आज सुबह पूर्व सैनिक लीग के अध्यक्ष कैप्टन पूर्ण सिंह थापा के अगुवाई में अर्जुन अवार्डी कैप्टन बी एस थापा अर्जुन एवाडी को बीर नारियों औऱ लीग के सभी सदस्यों द्वारा 2 मिंट का मौन के साथ उनके दिवंगत आत्मा के शांति के लिए शोक प्रकट किया।
आज अजुन अवॉर्डी होनेरी कैप्टन बी एस थापा का उनके सेंटर शिलांग के सेंटर ग्राउंड मे समस्त आर्मी के अधिकारियों और उनके यूनिट के सभी जवानों औऱ उनके घर से आए हुए लोगो द्वारा पूरे राजकीय सम्मान के साथ अर्जुन अवार्डी बी एस थापा जी को श्रद्धा सुमन श्रधांजलि देने के बाद पास में ही आर्मी के द्वारा बनाये गया शमसान घाट में यूनिट के पंडित के द्वारा पूरे विधिविधान और पूरे मंत्र उचारण उनके छोटे भाई श्याम सिंह थापा द्वारा अपने भाई को अग्नि दिया गया।
गौर है कि बी एस थापा रविबार को अपने यूनिट के राइज़िंग डे पार्टी खत्म होने के बाद अपने पत्नी वीना थापा के साथ खुशी खुशी अपने घर बकलोह वापिस आ रहे थे। शिलॉग से गोहाटी आ कर जब दोनों माता कामख्या के दर्शन कर के शाम को जब वो रेलवेस्टेशन में अपने वेटिंग रूम मे पहुच कर बैठे ही थे कि उनको अचानक उनका ह्रदय गति रुकने के कारण वही उनकी अकस्मात मृत्यु हो गई उसके बाद उनके डेड बॉडी को उनके यूनिट शिलांग मे ले गए जहाँ आज सुबह 8 बजे राष्ट्रीय सम्मान के साथ अपने ही सेंटर के शमशान घाट मे दाह संस्कार कर दिया गया ।
वही बकलोह के गोरखा सभा और एक्स सर्विस मेन लीग ककीरा में भी अर्जुन अवाडी बी एस थापा जी के फोटो के आगे पुष्पांजलि अर्पित किया गया औऱ दो मिन्ट का मौन रखा गया। बी एस थापा द्वारा मॉस्को ओलंपिक में भी देश का प्रतिनिधित्व कर चुके है कोमन वैल्थ औऱ एशियन गेम मे भी दो बार गोल्ड मेडल जीत चुके है।
ओलंपिक खिलाड़ी बी एस थापा द्वारा बॉक्सिंग में1981 में किंग कप थाईलैंड मई ब्रास मेडल जीत चुके है।1979 में उन्हे अर्जुन अवार्ड से नबाजा गया।1983 में उन्हे विशिष्ट सेबा मेडल से पुरस्कृत किया गया। इस के अलावा के कई और मेडल भी जीत चुके है। बॉक्सिंग के इतिहास में अर्जुन अवॉर्डी बी एस थापा का नाम सिड है।
