हिमखबर डेस्क
जिला बिलासपुर के नैना देवी क्षेत्र की ग्राम पंचायत कचौली में जिंदा महिला को सरकारी रिकॉर्ड में मृत दिखाए जाने के मामले में प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बड़ी त्रुटि को सुधार दिया है। मामला सामने आने और खबर प्रकाशित होने के बाद स्वास्थ्य विभाग हरकत में आया और रिकॉर्ड दुरुस्त कर दिया गया।
गौरतलब है कि शीला देवी, जो पिछले करीब 9 वर्षों से गंभीर बीमारी के चलते बिस्तर पर हैं और एम्स कोठिपुरा में उपचाराधीन हैं, उन्हें सरकारी दस्तावेजों में मृत घोषित कर दिया गया था। इस वजह से उनकी सहारा पेंशन बंद हो गई थी, जिससे परिवार को भारी आर्थिक और मानसिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था।
पीड़िता के पति बलदेव शर्मा द्वारा बार-बार शिकायत करने के बावजूद पहले कोई सुनवाई नहीं हुई। हालांकि, मामला मीडिया में उजागर होने के बाद संबंधित विभाग ने तुरंत संज्ञान लिया और आवश्यक कार्रवाई अमल में लाई।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी शशि दत्त शर्मा के बोल
मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) बिलासपुर, शशि दत्त शर्मा ने पुष्टि करते हुए बताया कि रिकॉर्ड में हुई त्रुटि को ठीक कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि गलती से शीला देवी को मृत दर्ज कर दिया गया था, जिसे अब सही कर लिया गया है और सहारा पेंशन बहाल करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
सीएमओ ने यह भी स्पष्ट किया कि इस प्रकार की लापरवाही को गंभीरता से लिया जा रहा है और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए विभाग सतर्कता बरतेगा।
प्रशासन की इस कार्रवाई के बाद पीड़ित परिवार ने राहत की सांस ली है। वहीं, स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन से मांग की है कि ऐसी लापरवाहियों पर सख्त निगरानी रखी जाए, ताकि आम जनता को अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े।

