धर्मशाला – व्यूरो रिपोर्ट
हिमाचल पथ परिवहन निगम के एक सेवानिवृत्त कर्मचारी से शातिरों ने डेढ़ लाख रुपये की ठगी की है, जबकि 50 हजार रुपये की और ठगी होने से बच गए।
सेवानिवृत्त कर्मचारी से यह ठगी उसके दोस्त के नाम से आए फोन पर दुर्घटना होने की बात कहकर की गई है। इस संबंध में पीड़ित ने साइबर सेल धर्मशाला में शिकायत दर्ज करवा दी है।
जानकारी के अनुसार धर्मशाला के रहने वाले अजय गुप्ता ने अपने साथ हुई ठगी की शिकायत साइबर सेल धर्मशाला में की है। शिकायत में उन्होंने बताया कि वीरवार शाम करीब साढ़े छह बजे उन्हें एक अज्ञात 7415265845 नंबर से फोन आया।
फोन पर व्यक्ति ने बताया कि वह उसका दोस्त मोहन लाल बात कर रहा है। उसके दोस्त का एक्सीडेंट हुआ है और अस्पताल में भर्ती है। घायल व्यक्ति उसे फोन करके 30 हजार रुपये मांग रहा है, लेकिन उसके गुगल-पे से ट्रांसफर नहीं हो पा रहे हैं, इसलिए आप यह पैसे भेज दो।
दोस्त की आवाज में ठग की ओर से की गई मांग पर अजय गुप्ता ने 30 हजार रुपये भेज दिए। ऐसे ही बार-बार फोन करके ठग ने अजय गुप्ता से एक लाख रुपये ट्रांसफर करवा लिए। इसके बाद 50 हजार रुपये मांगने पर अजय गुप्ता की दैनिक लिमिट खत्म हो गई थी, इसलिए उन्होंने अपने रिश्तेदार के माध्यम से पैसे भिजवा दिए।
कुछ समय के बाद फोन पर ठग ने बताया कि वह अजय गुप्ता के गूगल पे में 50 हजार रुपये भेजने का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन हो नहीं पा रहे हैं। यह बात कहकर ठग ने अजय गुप्ता को विश्वास में ले लिया।
देर रात ठग ने फोन करके 50 हजार रुपये मांगे, तो अजय गुप्ता ने अपनी बेटी के माध्यम से पैसे भिजवाने की योजना बनाई। इसी बीच असली मोहन लाल का फोन आ गया और अजय गुप्ता को पता चल गया कि ठगी के शिकार हो चुके हैं।
ऐसे में उन्होंने अपनी बेटी से पैसे नहीं भिजवाए। सुबह अजय गुप्ता ने अपना खाता बंद करवाकर साइबर सेल धर्मशाला में शिकायत दर्ज करवाई। साइबर सेल धर्मशाला के हवलदार दीपक ने बताया कि पीड़ित की शिकायत आई है।

