200 की ओपीडी वाले कोटला स्वास्थ्य केंद्र में परेशान मरीजों ने कोसी सरकार

--Advertisement--

13 पंचायतों का है सहारा कोटला स्वास्थ्य केंद्र, लोगों का कहना डाक्टर नहीं रखना, तो बंद कर दो पीएचसी

कोटला – स्वयम

विधानसभा क्षेत्र ज्वाली में चिकित्सा सुविधाएं रामभरोसे चल रही हैं, जबकि सत्तासीन कांग्रेस सरकार बेहतर चिकित्सा सुविधा मुहैया करवाने के दावे कर रही है।

कोटला क्षेत्र की ग्राम पंचायत कुठेहड़, कोटला, सोलदा, भाली, आंबल, भलाड़, त्रिलोकपुर, पद्दर, डोल, सियूनी, अमनी, नढोली, बेहि पठियार सहित चंबा क्षेत्र की मोरठू व जोलना पंचायत की जनता को चिकित्सा सुविधा करवाने वाला प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कोटला खुद बीमार होकर रह गया है।

प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कोटला में रोजाना 150 से 200 ओपीडी होती है लेकिन इस अस्पताल में कार्यरत एकमात्र डाक्टर को हफ्ते में दो दिन डेपुटेशन पर भेज दिया जाता है जिससे स्वास्थ्य सुविधाएं ठप हो जाती हैं। इन दिनों अस्पताल में चिकित्सा सुविधा हेतु आने वाले मरीजों को भारी परेशानी होती है तथा लोग प्रदेश सरकार व मंत्री चंद्र कुमार को कोसते हुए नजर आते हैं।

इस अस्पताल में 13 पंचायतों सहित पठानकोट-मंडी नेशनल हाई-वे पर दुर्घटना का शिकार होने वाले गंभीर लोग भी चिकित्सा सुविधा लेने आते हैं परंतु यहां पर उनको उपचार तक नहीं मिल पाता है। चिकित्सा सुविधा के लिए नूरपुर, शाहपुर या टांडा में जाना पड़ता है।

कोटला की जनता में भारी रोष है। जनता ने कहा कि अगर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कोटला के डाक्टर को डेपुटेशन पर भेजना है तो इस स्वास्थ्य केंद्र की तालाबंदी कर दी जाए ताकि मरीज इस अस्पताल में आकर परेशान न हों।

पूर्व में कांग्रेस की सरकार ने पीएचसी कोटला को सीएचसी का दर्जा देने की घोषणा की थी, लेकिन राजनीति के कारण इसको सीएचसी बनाने के बजाए पीएचसी कुठेहड़ को सीएचसी बना दिया गया। एचडीएम

मुख्य चिकित्साधिकारी डाक्टर सुशील शर्मा के बोल

मुख्य चिकित्साधिकारी डा. सुशील शर्मा ने कहा कि डाक्टरों की कमी के कारण डेपुटेशन पर ड्यूटी लगानी पड़ रही है। डाक्टरों की कमी पूरी होते ही डेपुटेशन को बंद कर दिया जाएगा।

कृषि मंत्री चंद्र कुमार के बोल

कृषि एवं पशुपालन मंत्री चंद्र कुमार ने कहा कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कोटला में अगर एक ही डाक्टर है तो उसकी डेपुटेशन पर ड्यूटी नहीं लगनी चाहिए। उन्होंने कहा कि जिस अस्पताल में अकेला डाक्टर है, वहां के डाक्टर की डेपुटेशन पर ड्यूटी न लगाई जाए।

--Advertisement--
--Advertisement--

Share post:

Subscribe

--Advertisement--

Popular

More like this
Related

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का द्रोणाचार्य स्नातकोत्तर महाविद्यालय रैत में आयोजन

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का द्रोणाचार्य स्नातकोत्तर महाविद्यालय रैत में...

डील का असर: होर्मुज लांघने वाले जहाजों को 60 दिन टैक्स माफ, ईरान उठाएगा खर्च

हिमखबर डेस्क ईरान के सर्वोच्च राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद (एसएनएसई) ने...

NEET अभ्यर्थियों को HRTC में मुफ्त यात्रा, 20 से 22 जून तक नहीं लगेगा किराया

हिमखबर डेस्क हिमाचल प्रदेश में नीट परीक्षा के अभ्यर्थियों को...

न पार्किंग की व्यवस्था, न श्रद्धालुओं के चलने का रास्ता… हिमाचल के चामुंडा धाम में चरमराई व्यवस्था

हिमखबर डेस्क प्रसिद्ध श्री चामुंडा नंदिकेश्वर धाम मंदिर में इन...