हिमखबर डेस्क
कहते हैं कि औलाद का दुख मां-बाप के लिए पहाड़ जैसा होता है और जब बेटी की विदाई डोली में होने के बजाय अर्थी पर हो, तो वह बोझ असहनीय हो जाता है। हिमाचल प्रदेश में मंडी के सरकाघाट उपमंडल के नैण गांव की सिया की निर्मम हत्या ने उसकी मां रक्षा देवी को जीते जी मार दिया है।
बेटी की याद और इंसाफ के इंतजार में तड़प रही रक्षा देवी का दिल इस गहरे सदमे को बर्दाश्त नहीं कर पा रहा है। रक्षा देवी पहले से ही हृदय रोग से ग्रसित हैं। बेटी की असमय और क्रूर मौत के बाद से उनकी हालत लगातार बिगड़ती जा रही है।
स्वजन के अनुसार वह बार-बार अपनी बेटी सिया का नाम पुकारती हैं और फिर बेसुध हो जाती हैं। स्वास्थ्य में सुधार न होने और हृदय की बढ़ती तकलीफ को देखते हुए स्वजन जांच के लिए आइजीएमसी शिमला ले गए हैं। मंगलवार को पहले से उपचार कर रहे चिकित्सक से जांच करवाएंगे।

आरोपित विकास पटियाल का मनोरोग विशेषज्ञ से परीक्षण
मामले के मुख्य आरोपित विकास पटियाल को लेकर भी पुलिस और जेल प्रशासन ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। न्यायिक हिरासत में चल रहे आरोपित के व्यवहार को देखते हुए जेल प्रशासन ने उसे जोनल अस्पताल मंडी में कड़ी सुरक्षा में मनोचिकित्सक के पास जांच के लिए भेजा।
नशीले पदार्थों के सेवन का आदी
चिकित्सीय जांच में पुष्टि हुई है कि विकास पटियाल नशीले पदार्थों के सेवन का आदी है। विशेषज्ञों की राय के बाद जेल में ही उसका उपचार शुरू कर दिया गया है, ताकि उसे कानूनी प्रक्रिया के लिए फिट रखा जा सके। पुलिस विभाग ने मामले की चार्जशीट दाखिल करने की तैयारी तेज कर दी है ताकि पीड़ित परिवार को जल्द से जल्द न्याय मिल सके।

