
चम्बा – भूषण गूरुंग
जिला महासचिव सलीम खान ने बताया जब भी मुद्दों की बात की जाती है तो भाजपा अपना दामन छुपा कर भाग जाती है। चुनाव नजदीक आ रहे हैं और केंद्र सरकार अपने-अपने केंद्रीय मंत्री को जहां-जहां चुनाव हो रहे हैं वहां पर भेज रही हैं। ऐसा ही वाक्य चंबा जिला में भी देखने को मिला।
बड़ी शर्म की बात है जब पत्रकारों ने मेडिकल कॉलेज की कमियों के बारे में प्रश्न पूछा तो केंद्रीय मंत्री इधर उधर की हांकने लगे।
हालांकि चंबा जिला के सदर के विधायक पवन नैयर व भटियात विधानसभा क्षेत्र के विधायक व मुख्य सचेतक विक्रम जरियाल भी उनके साथ मौजूद थे।
आज इन विधायकों की नाकामी की वजह से केंद्रीय मंत्री को प्रेस वार्ता छोड़कर भागना पड़ा। अगर मेडिकल कॉलेज के अंदर अच्छी सुविधाएं होती तो केंद्रीय मंत्री को ऐसे दुम दबाकर भागना नहीं पड़ता। इसका मतलब 2022 में भाजपा का सूपड़ा साफ नजर आ रहा है।
मेडिकल कॉलेज चंबा हमेशा विवादों में ही रहा है। अगर यहां सुविधाओं की बात करें तो यहां पर डॉक्टर की कमी हमेशा ही चंबा जिला की पांच लाख आबादी की जनता को खलती रही है, न ही सीटी स्कैन, एमआरआई ,अल्ट्रासाउंड जैसी सुविधाएं चंबा की जनता को आज भी नहीं मिल रही है।
यह नाकामी चंबा जिला के चार बीजेपी के विधायक व एक डलहौजी की विधायिका आशा कुमारी की है। अगर यह विधायक मुख्यमंत्री के पास ही मुद्दा रखते तो आज यह केंद्रीय मंत्री को भागने की नौबत ना आती। यहां पर सुख सुविधाएं अच्छी होती ।
आम आदमी पार्टी की सरकार 2022 में बनेगी और जैसे दिल्ली के अंदर स्वास्थ्य सुविधाएं लोगों को एक रुपए से लेकर एक करोड़ तक का इलाज फ्री मिलता है और सभी सुविधाएं व टेस्ट फ्री में होते हैं। हिमाचल में आम आदमी पार्टी की सरकार में भी वहीं स्वास्थ्य सुविधाएं हिमाचल के लोगों को मिलेंगी।
