हिमखबर डेस्क
चंडीगढ़ में दो जगह ब्लास्ट की घटनाओं के अगले ही दिन हिमाचल प्रदेश की राजधानी के भराड़ी क्षेत्र में सड़क के किनारे लगे पोस्टर से हड़कंप मच गया है। पोस्टर में रोहड़ू अदालत और एसडीएम ऑफिस को उड़ाने की धमकी दी गई थी। मामला संज्ञान में आने के बाद पुलिस ने रोहड़ू में एहतियातन दोनों परिसरों को खाली करवाकर तलाशी अभियान चलाया जिसमें किसी प्रकार की संदिग्ध वस्तु बरामद नहीं की गई। पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ थाना सदर में केस दर्जकर छानबीन शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार बुधवार सुबह 8:00 बजे के करीब लोगों ने भराड़ी क्षेत्र के एवरसनी क्षेत्र में सड़क के किनारे दीवार पर लगे पोस्टर को देखा। मामले की सूचना संबंधित पुलिस स्टेशन को दी गई। पुलिस और सीआईडी की टीमें आनन-फानन में मौके पर पहुंचीं और छानबीन शुरू की।
पुलिस ने आसपास के पूरे क्षेत्र और जंगल को खंगाला जिससे पता लगाया जा सके कि कहीं और जगह तो इस तरह के पोस्टर नहीं लगाए गए हैं। पोस्टर में बुधवार को दोनों स्थानों पर धमाके की धमकी दी गई थी। इसको देखते हुए पुलिस ने फौरन दोनों परिसरों को खाली करवाकर तलाशी अभियान चलाया। जांच के लिए कुछ देर तक मार्ग पर वाहनों की आवाजाही को भी रोका गया।
थाना सदर में अज्ञात लोगों के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्जकर छानबीन शुरू की दी है जिस जगह यह पोस्टर लगाया गया है, वह जंगल का क्षेत्र है। यहां पर सड़क के किनारे कई गाड़ियां खड़ी होती हैं। पुलिस अब रात के समय यहां से गुजरने वाले वाहनों की पड़ताल कर रही है। इसके लिए आसपास के क्षेत्र के होटलों और घरों में लगे सीसीटीवी भी खंगाले जा रहे हैं।
स्थानीय निवासी अनिरुद्ध रांटा के बोल
स्थानीय निवासी अनिरुद्ध रांटा ने बताया कि इस क्षेत्र में लोगों की कम आवाजाही रहती है। ऐसे में इस तरह की घटना से लोगों में खौफ बना हुआ है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से ऐसी हरकत करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है।
स्थानीय निवासी प्यारे लाल के बोल
स्थानीय निवासी प्यारे लाल ने बताया कि उनका घर इस स्थान से कुछ ही दूरी पर है। रात के समय उन्होंने किसी प्रकार का शोरशराबा भी नहीं सुना। पुलिस रात के समय यहां पर नियमित गश्त करती है। इस तरह की घटना से शहरवासी अपनी सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं।
एसएसपी शिमला गौरव सिंह के बोल
एसएसपी शिमला गौरव सिंह ने बताया कि पुलिस ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए एहतियातन सभी कदम उठाए हैं। जिला शिमला पुलिस ने शहरवासियों से अपील की है कि वे घबराएं नहीं और शांति बनाए रखें। किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें। पुलिस की ओर से स्थिति पर पूर्ण रूप से नियंत्रण रखा जा रहा है।
ईमेल पर धमकियों के बाद अब पोस्टर से मिली धमकी
जिला शिमला समेत प्रदेशभर में पिछले डेढ़ साल से ईमेल पर सरकारी संस्थानों, न्यायालयों और स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकियां मिल चुकी हैं। दो दिन पहले भी शहर कई स्कूलों को भी इसी तरह की धमकियां मिल चुकी हैं। अब पोस्टर लगाकर धमकी से शहरवासियों की चिंता बढ़ा दी है। एक वजह यह भी है कि ईमेल पर मिलने वाली धमकियों के ज्यादातर मामलों में पुलिस आरोपियों तक नहीं पहुंच पाई है।
पुलिस का तर्क है कि आरोपी ईमेल भेजने के लिए वर्चुअल प्राइवेट नेटवर्क (वीपीएन) नेटवर्क का इस्तेमाल करते हैं। यह नंबर विदेशों के होते हैं। ऐसे में इन लोगों की पहचान नहीं हो पा रही है लेकिन लगातार हो रही इन घटनाओं से पुलिस और खुफिया एजेंसियों की मुश्किलें जरूर बढ़ा दी हैं।

