पंचायतों में पत्थर-रेत-बजरी की अवैध सप्लाई खनिज विभाग को करोड़ों का चूना लगा रहे वेंडर, महकमे की कार्यप्रणाली पर सवाल
ज्वाली – शिबू ठाकुर
ज्वाली विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पंचायत भोल खास में अवैध खनन से किसानों की बहुमूल्य जमीने भूमि कटाव से बर्बाद हो रही है।
बरोह निवासी संजय कुमार ने आरोप लगाया है कि भोल खास पंचायत में कुछ लोगों ने खड्ड से अवैध खनन करके रेत व पत्थरों के डंप लगा रखे हैं। जिनका पंचायत के विकास कार्य में प्रयोग हो रहा है।
संजय कुमार का कहा है कि विभागीय नियमों के मुताबिक पंचायत में किसी भी प्रकार के कार्यों में क्रेशर का रेता बजरी प्रयोग होना चाहिए लेकिन पंचायत के निर्माण कार्यों में खड्ड का मेटीरियल का प्रयोग किया जा रहा है। जिससे निर्माण कार्यों के गुणवत्ता पर सवालिया निशान लग रहे है।
उन्होंने मांग की है कि भोल खास पंचायत के पिछले 3 साल के निर्माण कार्यों की जांच होनी चाहिए और बुहल खड्ड में हो रहे अवैध खनन पर अंकुश लगाया जाए ताकि किसानों की बहुमूल्य जमीन बर्बाद होने से बच सके।
वही ग्रामीण संजय कुमार ने अधिकारियों से मांग की है कि अवैध खनन करने वाले लौगों के विरुद्ध सख्त कार्यवाही की जाये ताकि हमारी जमीनें भूमि कटाव और खनन से बच सकें।
माइनिंग अधिकारी दीपक के बोल
इस बारे में माइनिंग विभाग के अधिकारी दीपक का कहना है कि उन्हें इस बारे शिकायत मिली थी और उन्होंने भोल खास में रेता व पत्थरों के डंप करने पर 10000 का चालान भी किया है !
पंचायत प्रधान ललिता कुमारी के बोल
जव इस बारे में पंचायत प्रधान ललिता कुमारी से बात हुई तो तो उन्होंने बताया कि हमने पंचायत मैं जो विकास कार्य करवाए है उसमें मैटीरियल क्रेशर का ही लगाया है। रेता बजरी डंप करने के बारे में मुझे कोई भी जानकारी नहीं है।
बीडीओ फतेहपुर सुभाष अत्री के बोल
जब इस बारे में बीडीओ फतेहपुर सुभाष अत्री से बात हुई तो उन्होंने कहा कि मेरे पास ऐसी कोई शिकायत नहीं आई है और मौके पर जाकर देखा जाएगा यदि सरकारी काम खड्ड का रेता लगा हुआ तो दोषियों को किसी भी सुरत में बक्श नहीं जाएगा

