
कुल्लू – आदित्य
स्पीति के राजकीय उच्च विद्यालय डेमुल में एडीसी अभिषेक वर्मा ने औचक निरीक्षण किया। इस दौरान कार्यकारी हैडमास्टर छेरिंग दोरजे स्कूल में अनुपस्थित पाए गए।
जब स्कूल रिकार्ड की जांच पड़ताल की, तो पता चला कि स्कूल मुखिया ने कोई अवकाश नहीं लिया था। स्कूल में कुल सात शिक्षकों में से मात्र दो शिक्षक ही स्कूल में उपस्थित पाए गए। इसके अलावा स्कूल में एक भी विद्यार्थी मौजूद नहीं था।
अटेंडेंस रजिस्टर में कार्यकारी हेडमास्टर छेरिंग दोर्जे 22 और 23 सितंबर की उपस्थिति नहीं थी। इसके साथ ही स्कूल में टीजीटी आट्र्स लोबजंग डोलमा और दोरजे संडूप टीजीटी मेडिकल भी अनुपस्थित पाए गए। कार्यकारी हैडमास्टर की जिम्मेदारी बनती है कि स्कूल और स्टाफ पर अनुशासन बनाए रखे।
जब एडीसी अभिषेक वर्मा ने स्कूल में और निरक्षण किया, तो पिछले कुछ दिनों से स्कूल में मिड डे मील का खाना भी नहीं बन रहा था। खाना बनाने वाला स्टाफ भी अनुपस्थित था, इसके साथ ही किचन पर भी ताला लटका हुआ था।
जांच में पता चला कि स्कूल में मिड डे मील नहीं बन रहा था और बच्चों को घर में लंच के लिए भेज देते थे। मौके पर मौजूद शिक्षक ने बताया गैस सिलेंडर खत्म हो गया था, तो कुछ दिन से खाना नहीं बन रहा था। सीसीएस कंडक्ट रूल 1964 के नियम 3 के तहत उक्त शिक्षक के खिलाफ कारवाई अमल में लाई गई।
स्थानीय नंबरदार पंचायत प्रधान ने बताया कि उक्त शिक्षक इससे पहले भी इस तरह का व्यवहार कर चुका है। स्कूल पर नियमित मौजूद नहीं रहते है।
जब कार्यकारी शिक्षक से मोबाइल के माध्यम से संपर्क किया गया तो बहन और बेटी ने फोन उठाया। यह भी नहीं बताया कि कोई मेडिकल एमर्जेंसी के चलते स्कूल नहीं आ पाया।
उक्त शिक्षक के खिलाफ सिंगल लाइन प्रशासन में एडीसी ने सीसीएस सीसीए रूल 1965 के तहत कार्यकारी शिक्षक को सस्पेंड कर दिया है।
आगमी कर्रवाई तक उक्त शिक्षक एसडीएम ऑफिस काजा में रहेगा। बिना अवकाश के शिक्षक स्थान नहीं छोड़ेगा अन्यथा अनुशासनात्मक करवाई अमल में लाई जाएगी।
