हिमाचल प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने के लिए 33 डॉक्टरों की तैनाती की गई है, टांडा से कुल्लू तक विभिन्न स्थानों पर पोस्टिंग पाने वाले डॉक्टरों को पांच दिन के भीतर कार्यभार संभालना होगा।
हिमखबर डेस्क
हिमाचल प्रदेश के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग ने 33 मेडिकल ऑफिसरों की तैनाती के आदेश जारी किए हैं। 13 अक्तूबर 2026 को जारी आदेश के अनुसार, पीजी, सीनियर रेजिडेंसी पूरी करने या पीजी छोड़ने के बाद इन डॉक्टरों को प्रदेश के विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों में तैनात किया गया है। इनमें मेडिकल कॉलेज, क्षेत्रीय अस्पताल, सिविल अस्पताल और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र शामिल हैं।
विभाग ने सभी संबंधित डॉक्टरों को निर्देश दिए हैं कि वे आदेश जारी होने के पांच दिन के भीतर निर्धारित संस्थान में कार्यभार संभालें। इसके बाद उचित माध्यम से विभाग को ज्वाइनिंग रिपोर्ट भेजनी होगी। आदेश स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के सचिव आशीष सिंहमार की ओर से जारी किया गया है।
टांडा, शिमला और हमीरपुर में भी तैनाती
- स्वास्थ्य विभाग के आदेश के अनुसार, डॉ. निखिल चौधरी को जेरियाट्रिक मेडिसिन में पीजी पूरी करने के बाद डॉ. राजेंद्र प्रसाद मेडिकल कॉलेज टांडा, कांगड़ा में तैनात किया गया है।
- डॉ. गीतांक्षी गोपाल घाबरू को सर्जरी में पीजी के बाद सिविल अस्पताल नूरपुर भेजा गया है।
- डॉ. उदित शुक्ला को जेरियाट्रिक मेडिसिन में पीजी के बाद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अर्की, सोलन में तैनाती मिली है।
- डॉ. आयुष वशिष्ठ को माइक्रोबायोलॉजी में पीजी के बाद मेडिकल कॉलेज टांडा में तैनात किया गया है।
- वहीं, डॉ. अपूर्वा चौहान को ट्रांसफ्यूजन मेडिसिन में पीजी के बाद अटल इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल सुपरस्पेशियलिटीज, चमियाना, शिमला भेजा गया है।
- डॉ. अदिति अवस्थी को एनेस्थीसिया में पीजी के बाद सिविल अस्पताल पालमपुर,
- जबकि डॉ. तनु शर्मा को रेडियोथेरेपी एवं क्लिनिकल ऑन्कोलॉजी में पीजी के बाद डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में तैनात किया गया है।
मंडी, कुल्लू और चंबा में भी डॉक्टरों को पोस्टिंग
- आदेश के तहत डॉ. दीक्षा ठाकुर को मेडिसिन में पीजी के बाद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पधर, मंडी में तैनात किया गया है।
- डॉ. देवयानी शर्मा को एनेस्थीसिया में पीजी के बाद जोनल अस्पताल धर्मशाला भेजा गया है।
- डॉ. रोहित वर्मा को त्वचा रोग विशेषज्ञ के रूप में क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू में तैनाती मिली है।
- डॉ. अजय कुमार को पैथोलॉजी में पीजी के बाद क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू भेजा गया है।
- डॉ. अनमोल शर्मा को मनोचिकित्सा में पीजी के बाद सिविल अस्पताल रोहड़ू, शिमला में तैनात किया गया है।
- डॉ. नितिन पाटियाल को फार्माकोलॉजी में सीनियर रेजिडेंसी पूरी करने के बाद पंडित जवाहरलाल नेहरू राजकीय मेडिकल कॉलेज चंबा में तैनाती मिली है।
- डॉ. तरनप्रीत कौर को फिजियोलॉजी में पीजी के बाद मेडिकल कॉलेज चंबा भेजा गया है।
बिलासपुर, ऊना और किन्नौर के संस्थानों में भी तैनाती
- विभाग के आदेश में डॉ. लोकेश अत्री को बाल रोग में पीजी के बाद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र झंडूता, बिलासपुर में तैनात किया गया है।
- डॉ. ट्विंकल सूद को स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग में सीनियर रेजिडेंसी पूरी करने के बाद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र हरोली, ऊना में पोस्टिंग दी गई है।
- डॉ. शिफा माजिद को रेस्पिरेटरी मेडिसिन में पीजी के बाद डॉ. वाईएस परमार राजकीय मेडिकल कॉलेज नाहन में तैनात किया गया है।
- डॉ. साक्षी को पीजी छोड़ने के बाद क्षेत्रीय अस्पताल रिकांगपिओ, किन्नौर में तैनाती मिली है।
- डॉ. सुरंजन देव को कम्युनिटी मेडिसिन में पीजी के बाद मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय किन्नौर में जिला कार्यक्रम अधिकारी के रूप में तैनात किया गया है।
- इसके अलावा डॉ. तनुजा कैस्थ को सिविल अस्पताल कोटखाई,
- डॉ. चंदर वीर को सिविल अस्पताल रोहड़ू,
- डॉ. आयुषी दत्ता को सिविल अस्पताल पालमपुर
- और डॉ. सिद्धांत नेगी को क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू में तैनाती दी गई है।
पांच दिन के भीतर ज्वाइन करना होगा
स्वास्थ्य विभाग ने आदेश में स्पष्ट किया है कि संबंधित सभी मेडिकल ऑफिसरों को निर्धारित तैनाती स्थल पर पांच दिन के भीतर कार्यभार संभालना होगा। उन्हें अपनी ज्वाइनिंग रिपोर्ट उचित माध्यम से विभाग को भेजनी होगी। इन आदेशों के तहत प्रदेश के विभिन्न जिलों में डॉक्टरों की तैनाती की गई है। संबंधित संस्थानों में डॉक्टरों के कार्यभार संभालने के बाद स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन में उनकी विशेषज्ञता का उपयोग किया जा सकेगा।

