
धर्मशाला-राजीव जस्वाल
पाकिस्तान जेलों में 18 ऐसे कैदी हैं, जोकि भारतीय मूल हैं। यह लोग स्वस्थ नहीं है और उनको जानने वाला भी आज तक यहां कोई सामने नहीं आया है। ऐसे में यह लोग पाकिस्तान की जेलों में अज्ञात कैदियों के समान हैं। पाकिस्तान सरकार के पास कई कैदियों के बारे में कुछ कुछ जानकारी तो है, लेकिन कई लोगों के बारे में पाकिस्तान सरकार को कुछ नहीं पता है। ऐसे में पाकिस्तान सरकार ने केंद्रीय गृह मंत्रालय को इन 18 लोगों को सूची भेजी है।
चिंता की बात ये है कि पाकिस्तान की ओर से भेजी गई सूची में लोगों की पहचान भी नहीं हो पा रही है या कहें तो बताए गए पते के हिसाब के उन लोगों का कोई भी नहीं मिल पा रहा है। सूची में अनुसार कुल 18 लोगों में 15 पुरुष और तीन महिलाएं हैं। इसमें चार पुरुष और एक महिला बंदियों के सिर्फ नाम हैं उसका स्थायी पता ही नहीं है या राज्य के हैं इस बात का भी पता नहीं है।
यह लोग पश्चिम बंगाल, बिहार, हरियाणा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, गुजरात व मध्य प्रदेश के हैं। जिला कांगड़ा में विभिन्न राज्यों के लोग यहां रहते हैं हिमाचल कई सालों से हरकर यहीं अपनी जीवन यापन कर रहे हैं। ऐसे में गृह मंत्रालय ने कांगड़ा पुलिस को इन लोगों की सूची भेजकर कहा है कि अगर इन लोगों का परिचित कांगड़ा में रहता है तो उनकी पहचान करें।
उधर पुलिस अधीक्षक कांगड़ा डा. खुशहाल शर्मा ने बताया कि गृह मंत्रालय भारत सरकार के विदेश विभाग तथा हिमाचल प्रदेश सरकार के द्वारा कार्यालय पुलिस अधीक्षक कांगड़ा में पाकिस्तान की विभिन्न जेलों में मानसिक रूप से अस्वस्थ 18 भारतीय नागरिक बंद होने की सूचना प्राप्त हुई है।
इस संदर्भ में ज़िला काँगड़ा पुलिस द्वारा इन लोगों की पहचान के लिए अभियान चलाया गया है ताकि इन लोगों की पहचान होने की सूरत में भारत वापिस लाने की प्रक्रिया को अमल में लाया जा सके। इसलिए यदि किसी भी व्यक्ति द्वारा निम्नलिखित 18 व्यक्तियों की पहचान होती है तो वह कांगड़ा पुलिस नियन्त्रण कक्ष के दूरभाष नं. 01892-224905 या इ-मेल आइडी पर किसी भी समय दिन/रात को संपर्क कर सकते हैं।
