
शिमला, जसपाल ठाकुर
हिमाचल प्रदेश में कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों के बीच मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने और सख्ती करने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री ने वीरवार को अपने आवास ओक ओवर में प्रदेश में कोरोना संक्रमण की स्थिति पर समीक्षा बैठक की। हिमाचल प्रदेश में सरकार ने दस मई तक स्कूल व कॉलेज को बंद रखने का निर्णय लिया है।
इसके अलावा फाइव-डे वीक भी 10 मई तक रहेगा। मंदिरों में दर्शन पर भी रोक लगी रहेगी। इसके अलावा पूरे प्रदेश में धाम पर रोक लगा दी गई है। शादियों में अब 50 की बजाय 20 लोग ही शामिल हो सकेंगे। गुरुवार को हुई बैठक में यह फैसला लिया गया। कोविड की स्थिति से निपटने के लिए हर जिले को 15-15 करोड़ रुपये दिए जाएंगे। शादी व अंतिम संस्कारों में लोगों की संख्या निर्धारित करने को लेकर डीसी अपने स्तर पर फैसला लेंगे।
वहीं, फल, सब्जी, दूध और दवा जैसी आवश्यक वस्तुओं की बिक्री करने वाली दुकानों को छोड़कर अन्य सभी तरह की दुकानें शनिवार व रविवार को बंद रहेंगी। सूबे के सभी सरकारी दफ्तरों में पचास फीसदी कर्मचारी ही आएंगे। बाकी पचास फीसदी वर्क फ्रॉम होम करेंगे। शनिवार को सभी कर्मचारी घर से काम करेंगे। दिव्यांग और गर्भवती कर्मचारी दफ्तर नहीं आएंगे। बसों में भी सिर्फ पचास फीसदी सवारियों के साथ ही संचालित हो सकेंगी। प्रदेश में पिछले कुछ दिन से कोरोना संक्रमण के मामले ज्यादा बढऩे लगे हैं। ऐसे में पहले से संभावना थी कि सरकार कुछ और सख्त कदम उठा सकती है।
हिमाचल प्रदेश में बीते दिनों से कोरोना संक्रमण के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। रोजाना कोरोना संक्रमण के मामले नया रिकॉर्ड बना रहे हैं, ऐसे में सरकार ने शादी समारोह पर सख्ती बढ़ाई है। इसके अलावा मंदिरों व शिक्षण संस्थानों को फिलहाल बंद ही रखने का फैसला लिया है। मौजूदा समय में प्रदेश में कोरोना संक्रमण के 16 हजार से ज्यादा एक्टिव केस हैं, जबकि 1400 से ज्यादा मरीज जान गंवा चुके हैं।
शादी में मेहंदी व महिला संगीत की रस्में
हिमाचल में शादी पर सरकार ने और सख्ती बढ़ा दी है। अब शादी में मेहंदी की रस्म और महिला संगीत की अनुमति नहीं दी जाएगी। कोई एक व्यक्ति मेहंदी लगा सकेगा। सरकार ने इस संबंध में जिला प्रशासन को निर्देश जारी किए हैं, शादी के आवेदनों में मेहंदी व महिला संगीत की अनुमति नहीं मिलेगी।
