टांडा अस्पताल में हार्ट स्टंट हुए सस्ते, 40 हजार की जगह 20 से 27 हजार में इलाज; गरीब परिवारों को बड़ी राहत

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हार्ट स्टंट की कीमत 40 हजार से घटकर 20 से 27 हजार रुपये तक होने की जानकारी है। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए इलाज का खर्च कम होने से बड़ी राहत मिलेगी।

काँगड़ा – राजीव जस्वाल

प्रदेश के दूसरे सबसे बड़े स्वास्थ्य संस्थानों में शुमार डा. राजेंद्र प्रसाद राजकीय आयुर्विज्ञान चिकित्सा महाविद्यालय टांडा अस्पताल के कार्डियोलॉजी विभाग में अब हृदय के स्टंट को लेकर मनमानी पर लगाम लगाने की तैयारी हुई।

प्रशासन के कड़े तेवरों के बाद अब मरीजों को करीब 40 हजार रुपए में मिलने वाले स्टंट के लिए 20 से 27 हजार रुपए के आसपास ही खर्च करना पड़ेगा। इससे आर्थिक रूप से कमजोर और गरीब मरीजों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।

नए वेंडरों के टेंडर तथा नई व्यवस्था के तहत अस्पताल में आने वाले नए वेंडरों को निर्धारित गाइडलाइन और नियमों के अनुसार ही स्टंट उपलब्ध करवाने होंगे। नियमों की अनदेखी या अनुशासनात्मक उल्लंघन सामने आने पर संबंधित वेंडर की वैधता रद्द करने तक की कार्रवाई की जा सकेगी।

प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि मरीजों के इलाज के नाम पर किसी भी प्रकार की मनमानी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। हृदय रोग से जूझ रहे गरीब मरीजों के लिए स्टंट की कीमत लंबे समय से चिंता का विषय रही है।

आरोप रहे हैं कि कम कीमत वाले स्टंट भी मरीजों को अधिक कीमत में उपलब्ध करवाए जाते हैं। नई व्यवस्था का उद्देश्य इसी तरह की शिकायतों पर अंकुश लगाना और मरीजों को निर्धारित कीमत पर स्टंट उपलब्ध करवाना है।

आयुष्मान कार्डधारक मरीजों को स्टंट की सुविधा योजना के प्रावधानों के तहत फ्री उपलब्ध होगी। इससे गंभीर हृदय रोग से पीडि़त आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों पर इलाज का भारी आर्थिक बोझ कम होगा।

नहीं चलेगी मनमानी

टांडा मेडिकल कालेज के प्रधानाचार्य डा. मिलाप शर्मा ने बताया कि अब नए वेंडरों को स्टंट टेंडर के लिए आमंत्रित किया गया है, जो हृदय के स्टंट पहले 40 हजार या इससे अधिक के लगाए जाते थे, वे अब 20 से 27 हजार या इससे भी कम के लगाए जाएंगे। आयुष्मान कार्ड धारकों को यह सुविधा मुफ्त मिलेगी। अगर नए वेंडर मनमानी करते हुए पाए गए, तो उनके टेंडर रद्द किए जाएंगे।

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