हिमखबर डेस्क
हिमाचल प्रदेश में पंचायत चुनाव के लिए दावेदारी की चल रही मारामारी के बीच जिला बिलासपुर से एक अलग खबर सामने आई है। घुमारवीं उपमंडल के तहत दधोल व पडयालग पंचायत से अलग होकर बनी नवगठित छंदोह पंचायत ने एक अनूठी मिसाल पेश कर आपसी भाईचारे और एकता को दर्शाया है।
छंदोह पंचायत के लोगों ने विकास को प्राथमिकता देते हुए सर्वसम्मति से प्रधान, उपप्रधान और सभी वार्ड सदस्यों के नामों पर सहमति बना ली है। पंचायत में पूर्व प्रधान मेहर सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में उपस्थित ग्रामीणों ने सहमति से सभी पदों पर नाम तय किए, हालांकि इच्छुक उम्मीदवारों के लिए चुनाव लड़ने का विकल्प खुला रखा गया है।

इन नामों पर बनी सहमति
नवगठित छंदोह पंचायत में पांच गांव छंदोह, मरयानी, जसवानी, डोहरु और पन्याली को शामिल किया गया है। सर्वसम्मति से सुभाष रणौत को प्रधान और बलजीत कश्यप को उपप्रधान चुना गया। इसके अलावा वार्ड सदस्यों में जसवानी से सोनू, मरयानी से प्रकाश, पन्याली से बनिता, डोहरु से पूनम और छंदोह वार्ड से ओमकार के नाम पर सहमति बनी।
बताई प्राथमिकताएं
नवनिर्वाचित प्रधान सुभाष रणौत ने बताया कि पंचायत में सड़कों की खराब स्थिति को सुधारना साथ ही पेयजल समस्या के समाधान के लिए हैंडपंप स्थापित करना उनकी प्राथमिकता में है।
वहीं उपप्रधान बलजीत कश्यप ने कहा कि पंचायत के सभी गांवों के समग्र विकास के लिए मिलजुल कर कार्य किया जाएगा।

