चिट्टे को लेकर बंगाली समुदाय के एक गुट ने दूसरे पर गंडासियों, तलवारों से किया जानलेवा हमला, चार गाड़ियां भी कर दी क्षतिग्रस्त।
फतेहपुर – अनिल शर्मा
चिट्टे को लेकर बंगाली गुट के एक ही समुदाय में डंडों, गंडासियों, तलवारों और कई तरह के हथियारों से खूनी झड़प होने का मामला प्रकाश में आया है।
बंगाली समुदाय के मनोनीत जिला प्रधान फतेहपुर तहसील के गांव गुरयाल निवासी रवि कुमार ने प्रैस वार्ता में बताया कि हमारा समुदाय अक्सर नशे के कारोबार में संलिप्त है। जिसके कई मामले पुलिस थानों और कोर्ट में विचाराधीन हैं।
बदलते समाज के हालातों को देखते हुए मैंने नशे, खासकर चिट्टे में संलिप्त लोगों के विरुद्ध मुहिम छेड़ रखी है। जिसका मुझे लोगों का भरपूर समर्थन भी मिल रहा है। मगर हमारे समुदाय के कुछ लोगों को यह मुहिम गवारा नहीं है।
बंगाली समुदाय के गैंगस्टर आशू, निवासी भरमाड़ तहसील ज्वाली मुझे इस मुहिम से पीछे हटाना चाहता है और मेरा विरोध करता है।
यही कारण है कि उसने मुझ पर बडूखर में सांयकाल परिवार सहित कुश्ती देख रहे पर अपनी गैंग के साथ अचानक गंडासियों, तलवारों और डंडों से जानलेवा हमला कर बुरी तरह घायल कर दिया।

उसके इस जानलेवा हमले में मेरे परिवार व रिश्तेदार बिंदिया देवी, रिशी, शिबू, संजय, सागर और नंदा देवी को बुरी तरह घायल हुए हैं और हमारे चार व्हीकल्स को भी पूरी तरह से क्षतिग्रस्त कर दिया है।
रवि कुमार ने बताया कि मुख्य हमलावर आशू निवासी भरमाड़ जो कि एक गैंगस्टर है के साथ कृष्ण उर्फ कालू, अखिल, आदित्य, केशव, साहिल, छोटा केसव, दीनी, विशाल, सुनील सहित कई और गुंडे भी शामिल थे।
इन्होंने मुझे धमकी दी है कि अगर तू हमारे काम में बाधक बनेगा तो तेरे पुत्र रिशी, जो कि ज्वाली में आई.टी.आई. कर रहा है को जान से मार देंगे।
पीड़ित रवि कुमार ने बताया कि देखने वाली बात है कि आशू और दूसरे गुंडों का होंसला कितना बुलंद हो गया है। जिसके चलते यह सरेआम लड़ाई झगड़ा और धमकियां देने पर उतारू हो गए हैं।
उन्होंने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि इन गुंडों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएं और कठौर से कठौर सज़ा दिलबाई जाएं। जिससे की यह समाज को और अधिक ख़राब ना कर सके।

