मंडी – अजय सूर्या
पंडोह के साथ लगती ग्राम पंचायत हटौण के डयोड गांव में बुधवार दोपहर निर्माणाधीन टनल के ठीक ऊपर एक हिस्सा अचानक धंस गया। इस कारण यहां बड़ा गड्ढा बन गया है। डयोड हटौण सड़क पर आवाजाही पूरी तरह से बंद हो गई है और गांव के करीब 20 घरों पर खतरा मंडरा गया है। ग्रामीणों ने जब सड़क किनारे बना गड्ढा नजदीक से देखा तो उनके होश उड़ गए। यह गड्ढा इतना ज्यादा गहरा था कि पत्थर फैंकने पर उसके गिरने की आवाज तक नहीं आ रही।
बता दें कि कीरतपुर-मनाली फोरलेन प्रोजेक्ट के तहत पंडोह बायपास टकोली फोरलेन का जो निर्माण किया जा रहा है उसकी पहली टनल डयोड गांव के नीचे से होकर ही गुजर रही है। इस टनल की खुदाई का काम पूरा कर दिया गया है लेकिन बीते करीब चार महीनों से इसका काम बंद पड़ा हुआ है।

ग्रामीण हरदेव शर्मा, कशमीर सिंह, गीता देवी और कोयला देवी ने बताया कि इससे पहले भी टनल निर्माण के कारण उनके घरों पर बड़ी-बड़ी दरारें आई हुई हैं। अब इस हिस्से के धंसने से घरों में और नई दरारें आना शुरू हो गई हैं। जहां यह गड्ढा पड़ा है उसके साथ लगती गौशाला को खाली कर दिया गया है। इससे पहले मेघ सिंह के घर के पास भी टनल का हिस्सा इसी तरह से धंसा था, वहां भी आज दिन तक कंपनी प्रबंधन ने कोई उचित कार्रवाई नहीं की।
ग्रामीणों का आरोप है कि कंपनी प्रबंधन और प्रशासन की तरफ से कोई भी मौके पर नहीं आया है और इनकी कोई सुध नहीं ली जा रही है। ग्राम पंचायत हटौण के प्रधान नोख सिंह ने बताया कि टनल निर्माण के कारण जो नुकसान हो रहा है उसके बारे में कई बार निर्माण कार्य कर रही शाहपुरजी-पलौनजी कंपनी, एनएचएआई, एसडीएम और डीसी मंडी को लिखित में दिया गया लेकिन आज दिन तक कोई उचित कार्रवाई नहीं हुई। अब डयोड के करीब 20 घरों पर खतरा मंडरा गया है। यदि यहां कोई अनहोनी होती है तो उसके लिए कंपनी प्रबंधन, प्रशासन और सरकार जिम्मेदार होंगे।
कंपनी टीम लीडर आदर्श पन्होत्रा के बोल
वहीं, जब इस बारे में निर्माण कार्य कर रही शाहपुरजी-पलौनजी कंपनी के टीम लीडर आदर्श पन्होत्रा से बात की गई तो उन्होंने बताया कि मामला उनके ध्यान में आया है और जांच पड़ताल के लिए टीम को मौके पर भेजा जाएगा। मौके की स्थिति जानने के बाद ही इस विषय पर कार्रवाई के संदर्भ में कुछ कहा जा सकेगा।

