चम्बा – भूषण गुरुंग
चम्बा के सरकारी स्कूलों में तैनात शिक्षकों की एक ओर बड़ी लापरवाही का मामला सामने आया है। ऊना में राज्य स्तरीय प्रतियोगिता से वापस आ रहे खिलाड़ियों को ठंड में बस में ही रात गुजारनी पड़ी। जबकि स्कूली बच्चों के साथ गए शिक्षक बनीखेत में ही बस से उतर गए। पूरी रात स्कूली खिलाड़ियों ने लचोड़ी में गुजारी और सुबह यह निजी बस रूट पर आई और बच्चों को साथ लेकर चंबा पहुंची।
दरअसल, 3 से लेकर 6 नवंबर तक ऊना में राज्य स्तरीय अंडर-19 खेलकूद प्रतियोगिता का आयोजन हुआ। प्रतियोगिता के समापन के बाद शाम पांच बजे खिलाड़ी चंबा के लिए वापस आए। यह बस द्रम्मण, सिहुंता होते हुए बनीखेत पहुंची।
जहां साथ गए शिक्षक उतर गए, लेकिन रात करीब तीन बजे यह बस वाया चौहड़ा होकर लचोड़ी पहुंची। जहां निजी बस के चालक और परिचालक ने बस को आगे जाने से मना कर दिया और यहीं पर रात काटने का निर्णय लिया।
बहरहाल सर्द रात बच्चों ने बस में ही काटी। सुबह यह बस अपने निर्धारित रूट झौड़ा-चंबा पर बच्चों को साथ लेकर दौड़ी। इसके बाद यह बस चंबा पहुंची। यहां सवाल यह उठता है कि निजी बस को इतने लंबे रूट पर जाने की परमिशन किसने दी। साथ ही इस बारे में आरटीओ से एनओसी ली गई या नहीं।
इस मामले के बाद यह तमाम सवाल उठ रहे है। वहीं, दूसरी ओर इस बारे में विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया से भी शिकायत की गई है।

