
व्यूरो रिपोर्ट
कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी ने कहा है कि हिमाचल प्रदेश में इस बार कांग्रेस की सरकार बन कर रहेगी। उन्होंने कांगड़ा के वीरों का विशेष जिक्र किया। उन्होंने वीरों और शहीदों का जिक्र करते हुए कहा कि वह स्वयं भी शहीद की बेटी हूं। जवाहर लाल नेहरू और इंदिरा गांधी के साथ हिमाचल प्रदेश के साथ संबंधों का जिक्र करते हुए भावनात्मक स्वर छेड़ा।
हिमाचल प्रदेश को प्रदेश का दर्जा देने के लिए उन्होंने इंदिरा गांधी के प्रयास याद दिलाए। कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी कांगड़ा जिले के नगरोटा बगवां में सभा को संबोधित कर रही थी। उन्होंने कहा कि सरकार बदलने का समय आ गया है।
अब आवश्यक यह है कि हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बना कर विकास को नई दिशा दी जाए। उन्होंने सभी देवी देवताओं को याद करते हुए कहा कि वह सौभाग्यशाली हैं कि उनका घर भी देवभूमि और वीरभूमि में है।
ज्वालामुखी में माथा टेका
इससे पूर्व उन्होंने ज्वाजलामुखी मंदिर में 20 मिनट तक पूजा की। इससे पहले वह सोलन गई थी तो वहां शूलिनी मंदिर और मंडी में भूतनाथ मंदिर भी गई थी। नगरोटा में कांग्रेस के बड़े नेता जीएस बाली के पुत्र आरएस बाली कांग्रेस के प्रत्याशी हैं।
मंच पर प्रियंका के साथ छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, प्रदेश प्रभारी राजीव शुक्ला, कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष प्रतिभा सिंह, प्रचार समिति के प्रमुख सुखविंद्र सिंह सुक्खू और नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री भी मौजूद हैं। आईटी प्रभारी गोकुल बुटेल भी मंच पर हैं।
भूपेश बघेल बोले, तवे पर रोटी की तरह सरकार भी बदलिए
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने हिमाचल प्रदेश के वीरभूमि और देवभूमि होने के अहसास को जगाते हुए कहा कि हिमाचल प्रदेश में अब सरकार बदलना ही जनता के हित में है। उन्होंने कहा कि जो लोग वन रैंक वन पेंशन की बात करते थे अब अग्निवीर की बात करते हैं। यानी चार साल नौकरी करो और फिर किसी कार्यालय में चपरासी रहो।
उन्होंने पुरानी पेंशन स्कीम का जिक्र करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ में इसे लागू कर दिया गया है, आप सरकार हिमाचल प्रदेश में भी बनाइए, यहां भी करेंगे। उन्होंने कहा कि महिलाएं यदि रोटी नहीं पलटतीं तो वह जल जाती है। इस बार भाजपा सरकार भी बदल दीजिए।
कांगड़ा जिले में हैं सबसे अधिक 15 सीटें
गौरतलब है कि शिमला में सरकार बनाने का रास्ता कांगड़ा से होकर निकलता है जहां से 15 सीटें हैं। समझा जाता है कि जो कांगड़ा में जीत गया, वह शिमला पहुंच गया। इसीलिए मंच पर कांगड़ा जिले के कई कांग्रेस प्रत्याशी बुलाए गए हैं। इनमें देहरा से राजेश शर्मा, धर्मशाला से सुधीर शर्मा, शाहपुर से केवल सिंह पठानिया और कांगड़ा से सुरेंद्र काकू दिखाई दे रहे हैं।
