CISF गोलीकांड के बाद डीजी प्रवीण रंजन खैरी पहुंचे और घटनाक्रम का जायजा लिया, वहीं अस्पताल में पोस्टमार्टम की प्रक्रिया जारी है।
चम्बा – भूषण गुरुंग
जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश की सीमा पर स्थित खैरी में सीआईएसएफ गोलीकांड के बाद सुरक्षा एजेंसियों में हलचल तेज हो गई है। घटना के बाद केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल के महानिदेशक प्रवीण रंजन बुधवार को खैरी पहुंचे और पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली।
डीजी ने घटनास्थल का जायजा लेने के साथ ही खैरी स्थित एनएचपीसी अस्पताल में चल रही कार्रवाई का भी निरीक्षण किया। अस्पताल में गोलीकांड में जान गंवाने वाले चार सीआईएसएफ कर्मियों के शव लाए गए हैं।
जानकारी के अनुसार गोलीकांड में एक असिस्टेंट कमांडेंट, एक सब इंस्पेक्टर और दो कांस्टेबल की मौत हुई है। चारों मृतकों के शव खैरी स्थित एनएचपीसी अस्पताल में रखे गए हैं। अस्पताल में अधिकारियों की मौजूदगी में पोस्टमार्टम की प्रक्रिया करवाई जा रही है। पोस्टमार्टम पूरा होने के बाद शवों को उनके परिजनों और संबंधित विभाग को सौंपने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
बताया जा रहा है कि खैरी से सटे जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले के बसोहली क्षेत्र में सीआईएसएफ की सेवा-2 परियोजना में तैनात एक जवान ने अपने साथियों पर गोली चला दी थी। घटना में चार सीआईएसएफ कर्मियों की जान चली गई। गोलीकांड के बाद संबंधित सुरक्षा एजेंसियों में भी हलचल मच गई।
डीजी प्रवीण रंजन के खैरी पहुंचने के बाद सीआईएसएफ अधिकारियों और स्थानीय प्रशासन के अधिकारियों के साथ बैठक कर घटनाक्रम की जानकारी ली गई। पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां मामले की जांच में जुटी हैं। गोलीकांड के पीछे क्या कारण रहा और घटना के दौरान वास्तव में क्या हुआ, इसकी पड़ताल की जा रही है।
चार जवानों के शव अस्पताल पहुंचाए जाने के बाद एनएचपीसी अस्पताल परिसर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। अधिकारियों की मौजूदगी में पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी करवाई जा रही है। फिलहाल जांच एजेंसियां गोलीकांड के कारणों और इससे जुड़े अन्य पहलुओं को खंगाल रही हैं। जांच पूरी होने के बाद ही घटना के पीछे की पूरी तस्वीर स्पष्ट हो पाएगी।

