
धर्मशाला- राजीव जस्वाल
वन विभाग की बीट टऊ धर्मशाला दाड़नू का जंगल धूं-धूं करके जल रहा है। 14 घंटे से जंगल जल रहा है, लेकिन आग पर काबू नहीं पाया जा सकता है। आग की लपटे ऊंची व धुआं अधिक होने के कारण आज पर काबू नहीं पाया जा सका है। धर्मशाला दाड़नू में इंद्रूनाग धार में यहां चीड़ का जंगल है। चीड़ के काफी पेड़ हैं।
अभी गर्मियां व फायर सीजन शुरू होने में डेढ़ माह का वक्त है, लेकिन इससे पहले ही जंगल का इस तरह से जलना लोगों के समझ से परे हैं। यूं तो हर वर्ष इस जंगल में गर्मियों में आग लगती है। लेकिन अबकि बार यह पहली बार हुआ है जब इस जंगल में फरवरी माह में ही आग लग गई है और जंगल धूं धूं करके जल रहा है।
इसी जंगल के सिरे से यानि टाप से पैराग्लाइडिंग करवाई जाती है। पैराग्लाइडिंग पायलट यहां से उड़ान भरते हैं। अभी तक जंगल में आग लगने के कारणों का पता नहीं चल सका है।
यह बोले टऊ बीट के फोरेस्ट गार्ड
टऊ बीट के फोरेस्ट गार्ड मेघराज ने बताया कि उन्हें जैसे ही आग लगने की घटना के बारे में पता चला था अन्य वन विभाग के साथियों के साथ वह आग बुझाने के लिए गए थे और काफी हद तक आग बुझा भी दी थी। आग लगने के कारणों का पता नहीं चल सका है कि जंगल में आग कैसे लगी। सुबह फिर से आग बुझाने के लिए जंगल जा रहे हैं।
वहीं खनियारी की फोरेस्ट गार्ड छुनकी देवी ने बताया कि टऊ में आग बुझाने के लिए वह भी गए थे और देर रात वहां से लौटे हैं।
