
विजिलेंस ब्यूरो पुष्पलता सिंघा समेत राज्य सचिवालय के कुल चार अधिकारियों-कर्मचारियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल करेगा। इस मामले की जांच ब्यूरो ने करीब छह महीने पहले ही पूरी कर ली थी।
शिमला- जसपाल ठाकुर
कोविड-19 के शुरू होने के साथ ही राज्य सचिवालय में सैनिटाइजर की खरीद में हुए घोटाले के मामले में विजिलेंस ब्यूरो जल्द ही कोर्ट में चार्जशीट दाखिल करेगा। विजिलेंस ब्यूरो ने जांच पूरी कर राज्य सचिवालय सेवा की अधिकारी पुष्पलता सिंघा के खिलाफ अभियोजन स्वीकृति मांगी थी। मुख्यमंत्री कार्यालय ने अब स्वीकृति दे दी है। कार्मिक विभाग जल्द ही विजिलेंस ब्यूरो को लिखित में इसकी जानकारी देगा।
अनुमति के मिलते ही विजिलेंस ब्यूरो पुष्पलता सिंघा समेत राज्य सचिवालय के कुल चार अधिकारियों-कर्मचारियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल करेगा। इस मामले की जांच ब्यूरो ने करीब छह महीने पहले ही पूरी कर ली थी। जांच एजेंसी लगातार पत्र और रिमाइंडर लिखकर अनुमति मांग रही थी।
किन्हीं कारणों से सरकार मंथन करती रही लेकिन हाल ही में मुख्यमंत्री ने जब भाजपा चार्जशीट और विजिलेंस में लंबित मामलों की समीक्षा की तो इस अभियोजन स्वीकृति की बात भी उठ गई। इसी के बाद अब मुख्यमंत्री कार्यालय ने अभियोजन स्वीकृति दे दी है।
कांगड़ा केंद्रीय सहकारी बैंक की पूर्व एमडी व आईएएस राखिल काहलों के खिलाफ विजिलेंस बैंक लोन फ्रॉड के मामले में एफआईआर दर्ज करेगी। अभी तक ब्यूरो इस मामले से जुड़े दो केसों की जांच कर रहा था। एक केस में तत्कालीन एमडी की भूमिका भी संदेह के घेरे में आई, जिसके बाद ब्यूरो ने इस मामले में काहलों के खिलाफ अभियोग दर्ज करने की मंजूरी मांगी थी।
