जख्मी हाेने के बावजूद नहीं हारी हिम्मत, 35 घंटाें तक सुनसान जंगल में माैत से जंग लड़ता रहा 14 साल का सुमित

--Advertisement--

बनीखेत – खैरी सड़क कार हादसे में एक की मौत किशोर घायल, दो दिनों तक जंगल में बैठा रहा किशोर, लोगो द्वारा रेस्क्यू करके निकाला गया।

चम्बा – भूषण गुरुंग

जाको राखे साइंया मार सके न कोए। यह कहावत बनीखेत-खैरी संपर्क मार्ग पर हुए कार हादसे में जिंदा बचे 14 साल के सुमित पर पूरी तरह से चरितार्थ होती है। बनीखेत-खैरी संपर्क मार्ग पर जैसे ही कार हादसे का शिकार हुई ताे सुमित कार से छिटक कर सुनसान जंगल में जा गिरा।

बरसात का मौसम होने के कारण चारों तरफ धुंध छाने से रास्ता दिखाई नहीं दे रहा था और न ही किसी से संपर्क करने की कोई गुंजाइश थी, लेकिन दर्द से कहराते हुए सुनसान जंगल में सुमित ने हिम्मत नहीं हारी। 35 घंटाें तक जंगल में जख्मों को सहते हुए सुमित इस आस में बैठा रहा कि कोई तो उसे बचाने आएगा।

इस जंगल में लाेग जंगली जानवरों के डर से दिन में भी जाने से कतराते हैं, लेकिन सुमित नहीं डरा और जिंदगी की जंग जीत गया। यहां अक्सर जंगली जानवर खाने की तलाश में पहुंचते हैं, ऐसे में सुमित तक जंगली जानवरों का न पहुंचने को लोग चमत्कार भी मान रहे हैं।

दुर्घटना के बाद से लेकर अस्पताल पहुंचाने तक सुमित पूरी तरह से खामोश और बेसुध ही रहा। उसके स्वस्थ होने के बाद ही इस पूरे घटनाक्रम की उसकी जुबानी जानकारी मिलेगी।

--Advertisement--
--Advertisement--

Share post:

Subscribe

--Advertisement--

Popular

More like this
Related

विदेश जाना हुआ महंगा, सरकार ने बढ़ाई पासपोर्ट की आवेदन फीस, री-इश्यू करवाना भी महंगा

हिमखबर डेस्क विदेश मंत्रालय ने पासपोर्ट बनवाने की फीस बढ़ा...

Teacher Eligibility Test: हिमाचल में शिक्षकों को 31 अगस्त से पहले पास करना होगा TET

हिमखबर डेस्क हिमाचल सरकार ने इन सर्विस टीचर्स के लिए शिक्षक...

टांडा मेडिकल कॉलेज का पानी पीने लायक नहीं

हिमखबर डेस्क डाक्टर राजेंद्र प्रसाद राजकीय आयुर्विज्ञान चिकित्सा महाविद्यालय टांडा...