
मल्टीटास्क वर्कर भर्ती में घोटाले का रहस्योद्घाटन हुआ है। नाहन उपमंडल की पालियों पंचायत के अमरनाथ ने इसकी शिकायत मुख्यमंत्री सचिव वन विभाग व उपायुक्त को भेजी है।
सिरमौर – नरेश कुमार राधे
सिरमौर जिला में वन मंडल नाहन के अंतर्गत अनुबंध आधार पर मल्टीटास्क वर्कर भर्ती में घोटाले का रहस्योद्घाटन हुआ है। नाहन उपमंडल की पालियों पंचायत के अमरनाथ ने इसकी शिकायत मुख्यमंत्री, सचिव वन विभाग व उपायुक्त को भेजी है।
आरोप है कि वन विभाग ने 2016-17 में अभिषेक कुमार को फर्जी दस्तावेजों के आधार पर नौकरी दी थी। अमरनाथ द्वारा सूचना के अधिकार (आरटीआइ) के माध्यम से ली जानकारी से इसका पता चला है।
दावा है कि अभिषेक कुमार नौकरी मिलने के दौरान नाबालिग था। पहली अप्रैल, 2014 से लेकर अगस्त 2016 तक जो हाउसमैन कम माली का अनुभव प्रमाणपत्र आमोद रिसार्ट मनाली से प्राप्त किया था, वह भी फर्जी है।
अनुभव प्रमाणपत्र में फुल टाइम कार्यरत दर्शाया
रिसार्ट के मालिक हरीश ने ऐसा पत्र देने से इन्कार कर दिया है। जिस दौरान का अनुभव प्रमाणपत्र लगाया गया है, उस दौरान नौकरी प्राप्त करने वाले की आयु 13 वर्ष पांच महीने थी।
अनुभव प्रमाणपत्र में उसे फुल टाइम कार्यरत दर्शाया गया है, जबकि उसने 2015 में नियमित तौर पर 12वीं कक्षा लालपानी स्कूल शिमला से पास की है।
विभाग द्वारा जारी लिस्ट में उसका ज्वाइनिंग लेटर कुकिंग के आधार पर दर्शाया गया है, जबकि जो अनुभव प्रमाणपत्र लिया गया है, वह हाउसमैन कम माली का है।
नाहन वन वृत्त की अरण्यपाल सरिता कुमारी ने बताया कि शिकायत मिली है, जिस पर जांच चल रही है, जो भी दोषी होगा उसके विरुद्ध उचित कार्रवाई की जाएगी।
