हिमखबर डेस्क
हिमाचल प्रदेश के सोलन जिले के अर्की में एक महिला की मौत को लेकर परिजनों ने हंगामा कर दिया। महिला को पथरी के ऑपरेशन के चलते अस्पताल में भर्ती किया गया था लेकिन वहां, इलाज के दौरान मौत हो गई।
वहीं, मामले को लेकर स्वास्थ्य मंत्री धनी राम शांडिल का बयान भी आया है, जिसे लेकर सवाल उठ रहे हैं. मंत्री के बयान की वीडियो अब वायरल हो रही है। जानकारी के अनुसार, अर्की हॉस्पिटल में की घटना है। महिला अर्की के भूमती के गांव चुनार की रहने वाली थी।
पीड़ित परिजनों ने अस्पताल और डॉक्टरों पर लापरवाही के गंभीर आरोप लगाए हैं और अस्पताल में जमकर हंगामा और प्रदर्शन किया है। परिवार अब निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग कर रहा है। महिला के बेटे ने बताया कि साढ़े 12 बजे के आसपास डॉक्टर और नर्से इधऱ उधर भाग रहे थे। डॉक्टरों ने बाद में कहा कि आप मरीज को शिमला ले जाओ।

इस दौरान उन्होंने बॉडी को छुने भी नहीं दिया और खुद एंबुलेंस में डाला हालांकि, जब बाद में वह शिमला पहुंचे और इमरजेंसी में डॉक्टरों ने बताया कि उनकी मां की मौत दो तीन घंटे पहले मौत हो चुकी है। गौर रहे कि अर्की अस्पताल की ओटी में महिला का ऑपरेशन किया गया था।
महिला के भाई ने बताया कि एंबुलेंस में डॉक्टर साथ कोई नहीं था। उनकी पत्नी का शरीर नीला पड़ चुका था और हाथ पांव ठंडे पड़ चुके हैं। शिमला तक वह एंबुलेंस में साथ थे। महिला के गांव के पूर्व प्रधान ने बताया कि उन्हें रोने की आवाजें सुनाई दी हैं। महिला पूरी तरह से स्वस्थ थी और घर से पैदल चलकर गई थी। डॉक्टरों की लापरवाही से यह घटना सामने आई है।
शिमला में जब पत्रकारों ने स्वास्थ्य मंत्री धनी राम शांडिल से सवाल किया तो उन्होंने कहा कि पूरे प्रकरण को वो देख रहे हैं हालांकि, इस दौरान मंत्री ने साइड होकर जगत सिंह नेगी से कहा कि डेथ तो होगी ही, जब पथरी में पानी पीना नहीं हैं। इस बात को लेकर मंत्री घिर गए हैं।

