नहीं रहे हिमाचल के ‘बिस्मिल्लाह खान’ सूरजमणी, AIIMS में थे भर्ती, 63 साल की उम्र में दुनिया से हुए रुखसत

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मंडी – अजय सूर्या

हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले के शहनाई वादक सूरजमणी का निधन हो गया है। बीमारी के चलते उन्होंने देर रात बिलासपुर एम्स में अंतिम सांस ली। यहां से उनके पार्थिव शरीर को उनके पैतृक गांव ले जाया गया और फिर उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। सूरजमणि को हिमाचल प्रदेश का बिस्मिल्लाह खान कहा जाता था।

जानकारी के अनुसार, शहनाई वादक सूरजमणी पिछले चार दिन से अस्पताल में भर्ती थी। पहले वह मंडी के एक निजी अस्पताल में भर्ती किए गए थे, लेकिन बाद में उन्हें एम्स रेफर किया गया था और यहां पर जूझ रहे थे। सूरजमणी (63) मंडी के चच्योट गांव के रहने वाले थे और वह राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर अपनी छाप छोड़ चुके हैं। उनके देहांत से हिमाचल ने लोक कला जगत का एक सितारा को दिया है।

परिजनों ने बताया कि कि उनके पैंन्क्रियाज में दिक्कत थी और कुछ दिन पहले जब वह मंडी बस स्टैंड पर थे तो एक दम से उनकी तबीयत बिगड़ गई। फिर उन्हें मंडी के एक निजी अस्पताल में भर्ती किया गया था। इस बीच उनके दूसरे अंगों ने भी काम करना बंद कर दिया. इस दौरान यहां से गुरुवार को उन्हें रैफर किया गया और फिर गुरुवार रात दो बजे उन्हें अंतिम सांस ली।

अमेरिका में बजाई थी शहनाई

सूरजमणि की शहनाई की गूंज अमेरिका में भी सुनाई दी थी। वह अप्रैल 2019 में अमेरिका भी एक कार्यक्रम के लिए गए थे। उधर, मंडी में शिवरात्रि महोत्सव में अक्सर उनकी शहनाई की धुन सुनने को मिलती थी। ऐसे में कला जगत को उनके जाने से भारी क्षति हुई है।

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