
सोलन – जीवन वर्मा
हिमाचल प्रदेश में कोरोना वॉयरस के मामले फिर बढ़ते जा रहे हैं। अब स्वास्थ्य विभाग ने कोरोना के वैरिएंट में बदलाव की आशंका जताई है।
कोरोना पॉजिटिव मरीजों के आठ सैंपल केंद्रीय अनुसंधान संस्थान (सीआरआई) कसौली से जीनोम स्टडी के लिए दिल्ली की प्रयोगशाला में भेजे हैं।
इन सैंपलों की 15 दिन बाद रिपोर्ट आएगी। इसके बाद ही नए वैरिएंट का पता चल सकेगा। यह सैंपल रैंडम आधार पर भेजे गए हैं।
इससे पहले 23 मई को जीनोम स्टडी के लिए भेजे सैंपलों में ऑमिक्रोन वैरिएंट की पुष्टि हुई थी। अब कोरोना के मामले बढ़ने से विभाग को अंदेशा है कि यह नया वैरिएंट हो सकता है।
केंद्रीय अनुसंधान संस्थान (सीआरआई) से भेजे आठ सैंपलों के अध्ययन के दौरान पता लगाया जाएगा कि कहीं प्रदेश में कोरोना वायरस में फिर कोई बदलाव तो नहीं हो गया है।
हालांकि, तमिलनाडु, महाराष्ट्र और कर्नाटक में बीए-4 और बीए-6 नए वैरिएंट के मामले सामने आए हैं और यह वायरस तेजी से फैल रहा है। इसे देखते हुए जिले से सैंपल भेजे गए हैं।
जिला स्वास्थ्य अधिकारी सोलन डॉ. अमित रंजन तलवार ने इसकी पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि विभाग ने कोरोना वायरस के मामलों को रोकने के लिए कमर कसी हुई है। सैंपलिंग भी बढ़ा दी है।
हिमाचल में कोरोना के 358 नए पॉजिटिव
प्रदेश में बुधवार को 358 लोगों के कोरोना टेस्ट की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इसके साथ ही प्रदेश में कोरोना सक्रिय मरीजों का आंकड़ा 1580 पहुंच गया है। प्रदेश में 25 कोरोना संक्रमितों को अस्पतालों में भर्ती किया गया है।
