हिमखबर डेस्क
जय प्रकाश नेगी अपने अंतिम सफर पर निकल रहे हैं. बस को फूलों से सजाया गया है. हालांकि, इस बार उनके बदन पर वर्दी नहीं है. ना ही हाथ में झोला है और नाही गले में लटकी सीटी.
एचआरटीसी की बस में वह अनंत कफन ओढ़े हुए अनंत की यात्रा पर निकल रहे हैं. एचआरटीसी बस को सजाया गया है और शव को पूरे सम्मान के साथ रामपुर से उनके घर भेजा गया. इस दौरान मौके पर मौजूद लोग और परिवार गमगीन नजर आया.
दरअसल, हिमाचल प्रदेश के शिमला के रामपुर में बीती शाम को हुए एचआरटीसी बस के कंडक्टर के शव को गुरुवार को एचआरटीसी की बस में घर भेजा गया. इस दौरान विभाग के कर्मचारी भी मौजूद रहे.
हादसे का शिकार हुए जय प्रकाश नेगी को उनके दोस्त और साथी प्यार से जेपी बुलाते थे. कंडक्टर जय प्रकाश नेगी रामपुर से सटे शिमला के ही ननखड़ी के गांव घड़ोली के रहने वाले थे.
अपने दोस्त और साथी के निधन पर विवेक मेहता ने लिखा कि आज मन बहुत भारी है.
रामपुर से खोलीघाट जा रही एचआरटीसी बस के खड़ाहन के समीप गटोला में हुए दर्दनाक सड़क हादसे में मेरे मित्र, सहकर्मी और एचआरटीसी परिवार के कर्मठ परिचालक जय प्रकाश (42) के असामयिक निधन का समाचार सुनकर स्तब्ध और अत्यंत दुःखी हूं.
विश्वास ही नहीं हो रहा कि जिसके साथ वर्षों तक एक ही विभाग में काम किया.
विवेक लिखते हैं कि हंसी-मज़ाक किया और अनेक यादें साझा कीं, वह आज हमारे बीच नहीं रहे. आपका सरल स्वभाव, मिलनसार व्यक्तित्व और हर किसी के प्रति सम्मान का भाव हमेशा याद रहेगा.
आपका जाना केवल आपके परिवार की ही नहीं, बल्कि हम सभी साथियों की भी अपूरणीय क्षति है.
ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा शोकाकुल परिवार को यह असहनीय दुःख सहने की शक्ति प्रदान करें.
सजीत भंडारी ने भी सोशल मीडिया पर अपने मित्र कंडक्टर जेपी नेगी को भावभीनी श्रंद्धाजलि दी.
एक महिला ने भी सोशल मीडिया पर लिखा कि मिस यू फोरेएवर मेरे भाई. कुछ दर्द शब्दों में बयां नहीं होते. आज हम सचमुच निशब्द हैं. तुम्हारी यादें हमेशा हमारे दिलों में रहेंगी. ईश्वर तुम्हारी आत्मा को शांति प्रदान करें.
उधर, रामपुर में खनेरी अस्पताल में भर्ती घायल एक नाबालिग लड़के ने बताया कि कडंक्टर जेपी नेगी हादसे के बाद जिंदा था और उन्होंने उनसे घटना के ठीक बात बात की थी.
घायल स्कूल छात्र ने बताया कि वह शीशा टूटने के बाद बाहर गिरने और उनके सिर में चोट लगी थी. इस पर मैंने पूछा था तो उन्होंने कहा कि वह ठीक हैं.
कडंक्टर जेपी नेगी का शव लेने पहुंचे परिजनों ने बताया कि जेपी नेगी के परिवार में उनकी पत्नी, बेटा और मां हैं. इसके अलावा, भाई और भाभी हैं. उनके भाई शव को लेने के लिए रामपुर पहुंचे थे.
खनेरी अस्पताल में पहुंचे कडंक्टर जेपी नेगी के चचेरे भाई ने कहा कि मुझे फोन आया था और उन्होंने फिर कन्फर्म किया. घायल अवस्था में कंडक्टर को लाते समय रास्ते में मौत हो गई.
हादसे में तीन लोगों की हुई मौत
परिवहन मंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने सोशल मीडिया पर दुख जताते हुए लिखा कि रामपुर उपमंडल के ननखड़ी क्षेत्र के खोलीघाट में हुई बस दुर्घटना में हिमाचल पथ परिवहन निगम के परिचालक जय प्रकाश नेगी जी के निधन का समाचार अत्यंत दुःखद एवं पीड़ादायक है.
ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान तथा शोकाकुल परिजनों को इस अपार दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करे.
मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने बस दुर्घटना में तीन लोगों के निधन पर शोक व्यक्त किया है. इस दुर्घटना में घायल 21 लोग उपचाराधीन हैं.
मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन को मृतकों के परिजनों को तत्काल राहत प्रदान करने तथा घायलों को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए. उन्होंने घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की.
मुख्यमंत्री ने ईश्वर से दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए प्रार्थना तथा शोकाकुल परिवारों को इस अपूरणीय क्षति को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की कामना की.

