हिमखबर डेस्क
जिला मुख्यालय धर्मशाला के साथ लगते शीला पासू में सोमवार सुबह हादसे में मृत अंकुश सोनी (42) को न्याय दिलाने की मांग को लेकर परिजनों और ग्रामीणों ने धर्मशाला-चैतड़ू-कांगड़ा मुख्य मार्ग पर चक्का जाम कर दिया। सुबह करीब साढ़े 10 बजे लोगों ने अंकुश का शव सडक़ पर रखकर धरना-प्रदर्शन शुरू किया। इससे मार्ग पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह बंद हो गई।
उक्त हादसा धर्मशाला में पीडब्ल्यूडी कार्यालय के पास पिछले सोमवार 10 अगस्त को हुआ था, जिसमें एक महिला डॉक्टर की गाड़ी की स्कूटी से टक्कर हुई थी। एक सप्ताह टांडा में उपचार के दौरान रविवार देर रात अंकुश की मृत्यु हो गई थी। गौर हो कि मृतक अपने पीछे पत्नी, दो छोटी बेटियां व आठ माह का बेटा छोड़ गए हैं।
परिजनों ने आरोप लगाया कि हादसे के आरोपी डॉक्टर को हिरासत में लेकर उसके खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए और उसे मौके पर लाया जाए। इसके अलावा परिवार के बच्चों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए भी उचित कदम उठाने की मांग की गई। मृतक की पत्नी शिवानी और माता ने प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई।
चक्का जाम की सूचना मिलने पर एसडीएम धर्मशाला मोहित रत्न, एएसपी कांगड़ा आरपी जसवाल सहित अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने परिजनों और ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी मांगें सुनीं। एसडीएम ने मामले की जांच करवाने और आरोपी के खिलाफ नियमानुसार उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया।
प्रशासन के आश्वासन के बाद परिजनों ने शव को सडक़ से हटा लिया। करीब ढाई घंटे बाद दोपहर एक बजे के आसपास मार्ग पर यातायात बहाल हो सका। इस दौरान सडक़ के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।

