
चम्बा- भूषण गुरुंग
गाड़ी में प्रेशर हार्न लगवाने के शौकीन संभल जाएं। उच्च न्यायालय के निर्देशों के बाद परिवहन सहित पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह से अलर्ट हो गया है। अब सड़क पर गाड़ी चलाते समय कोई भी वाहन चालक मानक से अधिक आवाज का प्रेशर हार्न बजाता हुआ सुना जाता है, तो चालक का उसी समय पांच हजार रुपये का चालन होगा, साथ ही मौके पर हार्न निकालकर उसे विभाग अपने कब्जे में ले लेगा।
ऐसे में परिवहन विभाग चंबा वाहन चालकों को इसके लिए जागरूक भी कर रहा है, ताकि ध्वनि प्रदूषण को कम किया जा सके। किसी मरीज को ले जा रही एंबुलेंस, आग बुझाने जा रहे फायर ब्रिगेड के वाहनों में लगे सायरन को इसमें छूट दी गई है।
वाहन मालिकों को निर्देश
कोई भी वाहन मालिक मानक से अधिक के साइलेंसर परिवर्तन नहीं करेगा। न ही कोई दुकानदार ऐसा साइलेंसर बेचेगा। वाहन चेकिंग के दौरान किसी वाहन में प्रेशर हार्न लगा मिला तो जुर्माना किया जाए। प्रेशर हार्न लगे वाहन को शहर में किसी भी हालत में प्रवेश नहीं दिया जाए। ध्वनि प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों पर मानक अनुसार कार्रवाई की जाएगी। 125 डेसिबल का साउंड कान के लिए हानिकारण
विशेषज्ञों की माने तो 75 डेसिबल तक की आवाज कान पर सामान्य असर डालती है। इसके बाद जैसे-जैसे डेसिबल बढ़ता जाता है, आवाज कर्कस होती चली जाती है। 125 डेसिबल का साउंड कान के लिए असहनीय होता है। व्यक्ति के नजदीक होने पर यह ओर भी हानिकारक हो सकती है। गाड़ियों में लगे अधिकांश प्रेशर हार्न 125 डेसिबल के आसपास के होते हैं।
उच्च न्यायालय के निर्देशों के बाद कोई भी वाहन चालक सड़क पर गाड़ी चलाते समय प्रेशर हार्न बजाता है, तो उस पर सीधे पांच हजार रुपये का जुर्माना किया जाएगा। बस आपरेटर्स, ट्रक व टैक्सी चालकों को प्रेशर हार्न न लगवाने व बजाने की हिदायत दी गई है, ताकि उन्हें भारी भरकम जुर्माना अदा न करना पड़े।
ओंकार सिंह, आरटीओ चंबा।
