हिमाचल के सराज में एक किड़नी के सहारे 5 वर्षीय नन्हा दिव्यांशु और वो भी खराब, बेटे अब जान बचाने के लिए 10 लाख की दरकार

--Advertisement--

हिमखबर डेस्क

हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले में बेलदारी का काम करने वाले योगराज को 3 वर्ष पहले पता चला कि उसके 2 वर्षीय मासूम बेटे की दोनों किड़नियां खराब हो चली हैं। डाक्टरों ने बताया एक किड़नी पूरी तरह से खराब हो चुकी है और उसे निकालना पड़ेगा, नहीं तो दूसरी किड़नी भी जल्द ही खराब हो जाएगी।

योगराज ने रिश्तेदारों, सगे संबधियों, बैंक व अन्य माध्यम से 15 लाख का कर्ज लेकर करीब 8 महीने पहले बेटे का पीजीआई चंडीगढ़ में इलाज करवाया कि अब सब ठीक हो जाएगा. लेकिन कुक दिन बाद डाक्टरों ने बताया कि दूसरी किड़नी भी धीरे-धीरे खराब हो रही है।

किडनी ट्रांस्प्लांट के साथ अब डाक्टरों ने 8-10 लाख और खर्चा बताया है। बेटे की बीमारी के आगे पूरी तरह से कर्ज में डूब चुके लाचार पिता को अब समाजसेवी मददगारों से आर्थिक मदद की दरकार है। योगराज सराज विधानसभा क्षेत्र के तहत पड़ने वाली थुनाग क्षेत्र की कलहणी ग्राम पंचायत का निवासी है।

करीब तीन वर्ष पहले उसका भी हंसता खेलता परिवार था। बेटे की बीमारी के बाद मानो पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ ही टूट पड़ा हो। दिहाड़ी मजदूरी लगाकर परिवार का पालन पोषण कर रहे योगराज का 5 वर्षीय मासूम बेटा दिव्यांशु साल 2024 से जिंदगी और मौत से दिनरात लड़ रहा है।

पिछले तीन सालों से दिव्यांशु का इलाज करवाते पिछले साल परिवार पीजीआई चंडीगढ़ पहुंचा। जहां उसके इलाज पर अब तक लाखों रूपये खर्च हो चुके हैं और अभी भी बेटे की जिंदगी बचाने के लिए लाखों की दरकार है। इसी बीच नन्हें मासूम दिव्यांश को एक और दिमागी बिमारी ने घेर लिया है, जिसका इलाज भी चंडीगढ से जारी है।

योगराज की दो बेटियां भी है, जो दूसरी और चौथी कक्षा में पढ़ती हैं। जिन्हें योगराज को पड़ोसियों के पास छोड़ना पड़ा है।पत्नी कृष्णा देवी बेटे साथ पीजीआई चंडीगढ़ में दिनरात उसकी देखभाल में लगी हैं। इधर, देवराज बेटे के इलाज के लिए सरकार और प्रशासन से मदद की गुहार लगा रहे हैं।

उपायुक्त मंडी को भी पत्र सौंपकर देवराज मदद की गुहार लगा चुके हैं, लेकिन अब तक परिवार को कोई सरकारी सहायता नहीं मिल पाई है। देवराज ने अब मीड़िया के माध्यम से दानी सज्जनों से उसके बेटे को नई जिंदगी देने के लिए मदद की गुहार लगाई है।

इस तरह कर सकते हैं दिव्यांशु की मदद

डॉक्टरों के अनुसार, समय रहते इलाज और किडनी ट्रांसप्लांट नहीं हुआ तो बच्चे की जान को खतरा हो सकता है। दिव्यांशु के पिता ने दानी सज्जनों से मदद की गुहार लगाई है। यदि आप भी दिव्यांशु की मदद करना चाहते हैं तो खाता धारक योगराज इंडियन ओवरसीज बैंक खाता संख्या 042201000012199, आईएफएससी कोड आईओबीए0000422 (IFSCIOBA0000422)  और गूगल-पे नंबर 8219995377 पर मदद कर सकते हैं।

--Advertisement--
--Advertisement--

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Share post:

Subscribe

--Advertisement--

Popular

More like this
Related

हिमाचल प्रदेश: सुक्खू सरकार ने जनता को दिया महंगाई का तोहफा, तीन गुना बढ़ाया हिमाचल भवन, सदन का किराया

हिमखबर डेस्क  हिमाचल सरकार ने विभिन्न हिमाचल भवनों और सर्किट...

कांगड़ा: ATS विवाद पर फिर गरमाया, वाहन संचालकों ने दी आंदोलन तेज करने की चेतावनी

धर्मशाला - हिमखबर डेस्क  ऑटोमेटेड ट्रांसपोर्ट सैटर (एटीएस) के विरोध...

विधानसभा वैबसाइट पर मिलेगी अध्यक्ष व विधायकों के वेतन-भत्तों की जानकारी

हिमखबर डेस्क  हिमाचल प्रदेश विधानसभा सचिवालय की वैबसाइट पर माननीय...