प्रकृति हमारी माता है, इसे बचाना है हमारा कर्तव्य,लुधियाड के नितिश कुमार ने दिया संदेश

--Advertisement--

Image

लुधियाड, शिबू ठाकुर

विश्व प्रकृति संरक्षण दिवस पर अपने विचार साझा करते हुए युवा सोच नीतीश कुमार बोले, यह प्रत्येक वर्ष जुलाई महीने मे मनाया जाता है। आज विश्व में कई प्रजाति, जीव जंतु एवं वनस्पति विलुप्त हो रहे हैं। विलुप्त होते जीव जंतु और वनस्पति की रक्षा का विश्व प्रकृति संरक्षण दिवस पर सुरक्षा करना ही इसका उद्देश्य है।

एक तरफ विश्व महामारी से घिरा हुआ हैं। दूसरी तरफ प्रकृति मानव की गलतियों को सुधार रही हैं। आज बादल इतने साफ हैं कि हिमालय की चोटियां बिहार से दिखने लगी हैं, वातावरण में शुद्धता आ रहीं हैं, सुबह सुबह अब चिडियों की चहचहाहट सुनने को मिलती है मानो प्रकृति अपने अंदर स्वयं बदलाव कर रहा हैं। इंसानों की वजह से न तो नीला आसमान बचा था और न ही पक्षियों का मधुर स्वर। ये सब वायु एवं ध्वनि प्रदूषण में कहीं खो कर रह गए थे।

अथर्व वेद में कहा गया है कि हे धरती मां, जो कुछ भी तुमसे लूंगा वह उतना ही होगा जितना तू पुन: पैदा कर सके। तेरे मर्मस्थल पर या तेरी जीवन शक्ति पर कभी आघात नहीं करूंगा। मनुष्य जब तक प्रकृति के साथ किए गए इस वादे पर कायम रहा सुखी और संपन्न रहा, लेकिन जैसे ही इस वादे को मानव भूल गए तभी प्रकृति ने अपना विकराल रूप उभर कर सामने ले आया।

--Advertisement--
--Advertisement--

Share post:

Subscribe

--Advertisement--

Popular

More like this
Related

विदेश जाना हुआ महंगा, सरकार ने बढ़ाई पासपोर्ट की आवेदन फीस, री-इश्यू करवाना भी महंगा

हिमखबर डेस्क विदेश मंत्रालय ने पासपोर्ट बनवाने की फीस बढ़ा...

Teacher Eligibility Test: हिमाचल में शिक्षकों को 31 अगस्त से पहले पास करना होगा TET

हिमखबर डेस्क हिमाचल सरकार ने इन सर्विस टीचर्स के लिए शिक्षक...

टांडा मेडिकल कॉलेज का पानी पीने लायक नहीं

हिमखबर डेस्क डाक्टर राजेंद्र प्रसाद राजकीय आयुर्विज्ञान चिकित्सा महाविद्यालय टांडा...