नूरपुर के कुछ क्षेत्रों में पुराने कुएं बन रहे हादसों का कारण, पढ़िये पूरी खबर

--Advertisement--

Image

नूरपुर – देवांश राजपूत

उपमंडल नूरपुर के तहत कई स्थानों में लोगों की लापरवाही के चलते पुराने कुएं हादसों का कारण बन रहे हैं। बावजूद इसके लोग इनके ढकने का कोई भी प्रावधान नहीं किया जा रहा है। बीते रोज छतरोली स्थित नाले के किनारे निजी खेतों में बना कुआं हादसे का कारण बना।

जिसमें भैंस अचानक गिर गई। गनीमत य़ह रही कि भैंस को कड़ी मशक्कत के बाद सुरक्षित निकाल लिया गया। अधिकांश क्षेत्रों में य़ह पुराने कुएं निजी भूमि पर हैं और ऊपर से ढके नहीं गए हैं जिससे य़ह हादसों का कारण बन रहे हैं।

इसी कड़ी में करीब दो माह पूर्व ज़सूरबाज़ारमे एक बैंक के सामने बने एक निजी सूखे कुएं से अज्ञात व्यक्ति का शव बरामद हुआ था तो ज़सूर की पुरानी सब्जी मंडी के रिहायशी क्षेत्र में एक सूखे कुएँ में एक गाय गिर गई थी तो कुछ बर्ष पूर्व छतरोली में ही एक अन्य कुएं में एक महिला और एक युवक की मौत हो गई थी यदि य़ह कुएं ढके होते तो शायद यह हादसे पेश न होते। लोगों की मांग है कि इस बारे संज्ञान लिया जाए ताकि हादसों पर रोक लगे।

यह बोले एसडीएम अनिल भारद्वाज

जिन लोगों की निजी भूमि पर बिना ढके हुए कुएं हैं लोग उन्हें ढकने का प्रबंध करें। वहीं जो कुएं सरकारी जगह पर हैं। उन पर स्थानीय पंचायत प्रतिनिधि ढकने का फोरन प्रबंध करें।

यह हुई घटना, एनडीआरएफ बनी मददगार

उपमंडल नूरपुर की पंचायत छतरोली में खेतों में घास चराने के लिए ले जाइ जा रही भैंसों के झुंड मे से एक भैंस कुएँ में अचानक गिर गई जिसे आपदा प्रबंधन बटालियन टीम और अग्निशमन कर्मियों नें करीब तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद सुरक्षित बाहर निकाला। बीते रोज जब जब स्थानीय पशु पालक रोशन दीन अपनी भैंसों को चराने के लिए एक खेत में ले जा था तो झाड़ियों से स्टे कुएं में भैंस गिर गई।

बरसात के कारण उस कुएं में काफी मात्रा में पानी भरा हुआ था और आसपास झाड़ियों और घास का आलम था। जिसके चलते भैंस उसमें जा गिरी। पशुओं के साथ गए छतरोली निवासी रोशन दीन ने स्थानीय पंचायत उपप्रधान सरिता देवी को इस बारे जानकारी दी ।

तो उपप्रधान द्वारा इस बारे अग्निशमन केंद्र नूरपुर को मौके पर बुलाया गया। लेकिन भैंस को निकालने में सफ़लता नहीं मिल रहीं थीं। तभी आपदा प्रबंधन बटालियन नूरपुर की टीम ने मोर्चा संभालते हुए भैंस को सुरक्षित बाहर निकाला। जिसके चलते लोगों ने राहत की साँस ली।

ये रहे मौजूद

इस अवसर पर आपदा प्रबंधन बटालियन के एसआइ सुधीर यादव, एसआइ राजिंदर कुमार, अग्निशमन केंद्र नूरपुर के प्रभारी करतार सिंह और उनकी टीम शामिल रही।

--Advertisement--
--Advertisement--

Share post:

Subscribe

--Advertisement--

Popular

More like this
Related

विदेश जाना हुआ महंगा, सरकार ने बढ़ाई पासपोर्ट की आवेदन फीस, री-इश्यू करवाना भी महंगा

हिमखबर डेस्क विदेश मंत्रालय ने पासपोर्ट बनवाने की फीस बढ़ा...

Teacher Eligibility Test: हिमाचल में शिक्षकों को 31 अगस्त से पहले पास करना होगा TET

हिमखबर डेस्क हिमाचल सरकार ने इन सर्विस टीचर्स के लिए शिक्षक...

टांडा मेडिकल कॉलेज का पानी पीने लायक नहीं

हिमखबर डेस्क डाक्टर राजेंद्र प्रसाद राजकीय आयुर्विज्ञान चिकित्सा महाविद्यालय टांडा...