हिमखबर डेस्क
उत्तर भारत में दक्षिण-पश्चिम मानसून एक बार फिर से सक्रिय हो गया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ़ और हिमाचल प्रदेश में अगले कई दिनों तक बारिश का दौर जारी रहने तथा कई स्थानों पर भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
विभाग के अनुसार इस दौरान जलभराव, यातायात प्रभावित होने और पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन जैसी परिस्थितियां पैदा हो सकती हैं।
आईएमडी के ताजा मौसम पूर्वानुमान बुलेटिन के अनुसार हिमाचल प्रदेश में 27 जुलाई से एक अगस्त तक व्यापक बारिश होने का अनमान है।
राज्य में 27 जुलाई तथा 31 जुलाई से एक अगस्त के दौरान कई स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। लगातार बारिश के कारण नदियों-नालों का जलस्तर बढ़ने और भूस्खलन की आशंका भी जताई गई है।
दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और चंडीगढ़ में 27 जुलाई को छिटपुट बारिश के बाद 28 से 31 जुलाई तक व्यापक वर्षा होने का अनुमान है।
मौसम विभाग ने विशेष रूप से 30 और 31 जुलाई को इन क्षेत्रों में भारी बारिश की संभावना जताई है। इससे दिल्ली-एनसीआर समेत बड़े शहरों में जलभराव, ट्रैफिक जाम और जनजीवन प्रभावित होने की आशंका है। उत्तर भारत के अन्य हिस्सों में भी मानसून सक्रिय रहेगा।
उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में भी एक अगस्त तक कई स्थानों पर बारिश और कुछ इलाकों में भारी वर्षा का पूर्वानुमान जारी किया गया है।
देश के अन्य हिस्सों की बात करें तो मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, विदर्भ, ओडिशा, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भी अलग-अलग दिनों में व्यापक वर्षा की संभावना जताई है।
वहीं राजस्थान और मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में 30 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं, गरज और बिजली गिरने की चेतावनी भी दी गई है।
आईएमडी के अनुसार 27 जुलाई को छत्तीसगढ़ में कहीं-कहीं अत्यधिक भारी बारिश हो सकती है। जबकि मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कई हिस्सों में भी सप्ताह के दौरान भारी बारिश होने का पूर्वानुमान जताया गया है।
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे विशेष रूप से दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ़ और हिमाचल प्रदेश में मौसम संबंधी ताजा अपडेट पर नजर रखें तथा भारी बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा और जलभराव या भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में जाने से बचें।

