मणिमहेश यात्रा–2026 के सफल संचालन को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित, मंडलायुक्त कांगड़ा मंडल संदीप कुमार ने की अध्यक्षता, यात्रा के लिए निर्धारित समय सीमा के भीतर पूर्ण करें सभी तैयारियां : मंडलायुक्त
चम्बा – भूषण गुरुंग
श्री मणिमहेश यात्रा–2026 के सफल, सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित आयोजन को लेकर राष्ट्रीय विज्ञान केंद्र, चंबा में मंडलायुक्त कांगड़ा मंडल संदीप कुमार की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में यात्रा से जुड़े विभिन्न विभागों द्वारा की जा रही तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की गई तथा यात्रा के सफल संचालन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
मंडलायुक्त ने कहा कि श्री मणिमहेश यात्रा हिमाचल प्रदेश की प्रमुख धार्मिक यात्राओं में से एक है। इस पवित्र यात्रा में देश-विदेश से हजारों श्रद्धालु भाग लेते हैं। इसलिए सभी विभाग आपसी समन्वय स्थापित करते हुए निर्धारित समय सीमा के भीतर सभी आवश्यक तैयारियां पूर्ण करना सुनिश्चित करें, ताकि श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुगम एवं सुविधाजनक यात्रा उपलब्ध हो सके।
उन्होंने बताया कि इस वर्ष श्री मणिमहेश यात्रा पर आने वाले सभी श्रद्धालुओं के लिए पंजीकरण अनिवार्य रहेगा। पंजीकरण शुल्क के संबंध में निर्णय शीघ्र लिया जाएगा तथा इसकी आधिकारिक सूचना अलग से जारी की जाएगी।
मंडलायुक्त ने ऐतिहासिक चौगान में श्रद्धालुओं के ठहरने के लिए पर्याप्त एवं सुव्यवस्थित आवासीय सुविधाएं उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए। इसके साथ ही पुलिस प्रशासन को यात्रा के दौरान यातायात व्यवस्था, पार्किंग प्रबंधन, भीड़ नियंत्रण एवं सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए प्रभावी कार्ययोजना तैयार करने को कहा।
उन्होंने कहा कि श्री मणिमहेश यात्रा के दौरान उपयोग किए जाने वाले परिक्रमा पथ पर केवल अधिकृत एवं प्रशिक्षित गाइड के साथ ही श्रद्धालुओं को जाने की अनुमति होगी। बिना गाइड किसी भी श्रद्धालु को परिक्रमा मार्ग पर जाने की अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्होंने कहा कि यह निर्णय श्रद्धालुओं की सुरक्षा तथा किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना से बचाव को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।
मंडलायुक्त ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को निर्देश दिए कि यात्रा मार्ग एवं विभिन्न पड़ावों पर पर्याप्त स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करवाई जाएं। इसके लिए चिकित्सा दल, एंबुलेंस, आवश्यक दवाइयां, प्राथमिक उपचार केंद्र तथा आपातकालीन चिकित्सा सेवाएं पूरी तरह तैयार रखी जाएं, ताकि आवश्यकता पड़ने पर श्रद्धालुओं को तुरंत चिकित्सा सहायता मिल सके।
उन्होंने लोक निर्माण विभाग एवं वन विभाग को निर्देश दिए कि यात्रा मार्गों की शीघ्र मरम्मत, क्षतिग्रस्त पुलियों के पुनर्निर्माण, भूस्खलन संभावित स्थलों की निगरानी तथा पैदल मार्गों को सुरक्षित एवं सुगम बनाने का कार्य समयबद्ध ढंग से पूरा किया जाए। साथ ही संवेदनशील क्षेत्रों में आवश्यक सुरक्षा उपाय भी सुनिश्चित किए जाएं।
स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण पर विशेष बल देते हुए मंडलायुक्त ने संबंधित विभागों को प्रभावी वेस्ट मैनेजमेंट व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जल शक्ति विभाग को निर्देश दिए गए कि यात्रा मार्ग तथा सभी प्रमुख पड़ावों पर श्रद्धालुओं के लिए स्वच्छ एवं पर्याप्त पेयजल की उपलब्धता हर समय सुनिश्चित की जाए। इसके अतिरिक्त अस्थायी शौचालय, स्नानागार, प्रकाश व्यवस्था, विद्युत आपूर्ति, विश्राम स्थल तथा अन्य मूलभूत सुविधाओं की समय पर व्यवस्था करने के भी निर्देश दिए गए, जिससे श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।
बैठक में उपायुक्त चंबा मुकेश रेपसवाल विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने गत वर्ष आयोजित श्री मणिमहेश यात्रा के सफल संचालन, प्राप्त अनुभवों तथा इस वर्ष की तैयारियों के संबंध में विस्तृत जानकारी दी । उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन यात्रा को सुरक्षित एवं सुव्यवस्थित बनाने के लिए सभी संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर कार्य कर रहा है।
बैठक की कार्यवाही का संचालन अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी भरमौर विकास शर्मा ने किया। उन्होंने मंडलायुक्त को श्री मणिमहेश यात्रा–2026 की तैयारियों की वर्तमान स्थिति, विभिन्न विभागों द्वारा किए जा रहे कार्यों तथा आगामी कार्ययोजना से विस्तारपूर्वक अवगत करवाया।
ये रहे उपस्तिथ
बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दिनेश शर्मा, सहायक आयुक्त मनमोहन सिंह, वन मंडल अधिकारी नवनाथ माने, कुलदीप जमवाल, उप पुलिस अधीक्षक बलदेव दत्त, मुख्य चिकित्सा अधिकारी जालम भारद्वाज, जिला विकास अधिकारी तविंदर चिनौरिया, जिला राजस्व अधिकारी विक्रमजीत सिंह, अधिशासी अभियंता जोगेंद्र शर्मा व बी.सी. ठाकुर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

