
सांडू का मैदान सीवर की गंदगी से लबालब..संदीप सांख्यान
बिलासपुर, सुभाष चंदेल
बिलासपुर के सांडू के मैदान में लखनपुर के निचले छोर पर सीवर की गंदगी का आलम ऐसा है कि वहां पर सुबह शाम सैर करने वाले लोंगो को भारी दुविधाओं का सामना करना पड़ रहा है। यह सीवर आधे अधूरे बने सीवर टैंक के बह कर सीधे तौर पर सतलुज या गोविंद सागर झील में मिल रहा है लेकिन प्रदेश सरकार का सम्बंधित विभाग और मंत्री इस मसले पर सोए हुए है।
यह कहना है जिला कांग्रेस महासचिव संदीप सांख्यान का। स्वच्छता मिशन में लोंगो को बड़े बड़े उपदेश देने वाले नेता और अधिकारी अपने आखों के सामने सीवर को सतलुज में मिलता देख रहे हैं लेकिन इसके समाधान की तरफ किसी का भी ध्यान नहीं है। सांडू के मैदान में सुबह शाम काफी लोग स्वास्थ्य वर्धक हवा और अपनी फिटनेस के लिए आते हैं लेकिन सांडू के मैदान को जोड़ने वाली मुख्य सड़क के मुहाने पर सीवर की गंदगी का यह आलम है कि अच्छे भले आदमी का स्वास्थ्य भी खराब हो सकता है।
इस मसले को चंद महीने पहले भी उठाया था और पर्यावरण एवम प्रदूषण विभाग में नगर परिषद बिलासपुर को एक नोटिस भी दिया था और उसमें कुछ जुर्माना भी लगाया गया था लेकिन समस्या अभी भी जस की तस बनी हुई है। हजारों लीटर सीवर की गंदगी का पानी सीधे तौर पर सतलुज में मिल रहा है लेकिन कोई समाधान सरकाए निकाल नहीं पा रही है।
इस मसले को जिला कांग्रेस महासचिव कांग्रेस संदीप सांख्यान ने कहा कि वह नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के समक्ष में उठाएंगे। बहुत से लोग गाँव ब्लोह, लखनपुर, कोहलवीं, कुणाला, रघुनाथपुरा, रामपुर और खनसरा से यहां पर अपने मवेशियों को भी चराने आते हैं उनका भी कहना है कि सांडू के मैदान में फैली इस तरह की दुर्गंध बड़ी असहनीय हो चुकी है।
जिला कांग्रेस महासचिव ने प्रदेश सरकार व जिला के मुख्य प्रशाशनिक अधिकारियों से मांग की है कि किस वजह यह सीवर की गंदगी बाहर सांडू के मैदान से होकर सतलुज के मैदान में फैल रही है उसकी जांच की जाए और बाहर खुले में बह रही गंदगी के लिए अलग से ट्रीटमैंट प्लांट लगवाया जाना चाहिए।
