हिमखबर डेस्क
बिलासपुर के पुलिस रिजर्व बटालियन बस्सी में सेवारत राजगढ़ क्षेत्र की बेटी नेहा का बीते रोज मेडिकल कॉलेज टांडा में असमायिक निधन हो गया, जिनका अंतिम संस्कार सोमवार को राजगढ़ के समीप पैतृक गांव मनौण के फागू नाला में राजकीय सम्मान के साथ किया गया।
इस मौके पर सैंकड़ों की तादाद में क्षेत्र के लोगों ने नम आंखों से अंतिम विदाई दी गई। नेहा के असमायिक निधन से समूचे क्षेत्र मे शोक की लहर और मातम छाया हुआ है। नेहा से निधन से हर व्यक्ति गमगीन है। नेहा के पिता कमल दत्त शर्मा और उनकी माता निशा शर्मा पर दुःख का पहाड़ टूट गया है।
नेहा का पार्थिव शरीर सोमवार की प्रातः उनके पैतृक गांव मनौण लाया गया था, तदोपरांत इनका अंतिम संस्कार फागू नाला में राजकीय सम्मान के साथ किया गया। नेहा के छोटे भाई अभय शर्मा ने अपनी बड़ी बहन को मुखग्नि दी जिसे देखकर व्यक्ति की आंखों नम हो गई।
गौर रहे कि राजगढ़ के मनौण गांव से संबध रखने वाली नेहा का बीते वर्ष पुलिस विभाग में बतौर महिला आरक्षी के पद पर चयन हुआ था और बीते एक माह से पुलिस रिजर्व बटालियन बस्सी बिलासपुर में कार्यरत थी। बीते रोज डियूटी के दौरान नेहा की अचानक तबीयत बिगड़ गई, जिसके बाद उन्हें उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज टांडा कांगड़ा ले जाया गया। जहां पर चिकित्सकों के प्रयासों के बावजूद उपचार के दौरान अल्सर की गंभीर समस्या के चलते उनका निधन हो गया।
डीएसपी राजगढ़ वीसी नेगी, डीएसपी बस्सी योगेश दत्त जोशी और पीटीसी डरोह के डीएसपी तिलक राज शांडिल अपनी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस विभाग की ओर से दिवंगत महिला आरक्षी को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। जवानों ने सलामी देकर अपने साथी को अंतिम श्रद्धांजलि अर्पित की। जिस पर पूरा वातावरण भावुक हो उठा।
गौर रहे कि नेहा नेहा अपने चार भाई बहनों में सबसे बड़ी थी। इसे बचपन से वर्दी पहनने का शौक था जिसके चलते नेहा ने पुलिस विभाग को चुना। नेहा एक मिलनसार, मेहनती और अपने कर्तव्यों के प्रति समर्पित थीं। पुलिस सेवा में शामिल होकर वह परिवार और क्षेत्र का नाम रोशन करना चाहती थीं, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था।

